सोशल संवाद / डेस्क : झारखंड में लगातार बढ़ती गर्मी और हीटवेव को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह सतर्क नजर आ रही है। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के निर्देश पर आम लोगों को राहत पहुंचाने के लिए सरकारी कार्यालयों के बाहर शीतल पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।

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इसी क्रम में पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन ने भी व्यापक पहल करते हुए जिले के विभिन्न सरकारी कार्यालयों में आम नागरिकों के लिए ठंडे पेयजल की व्यवस्था शुरू कर दी है। जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त मनीष कुमार के मार्गदर्शन में यह व्यवस्था लागू की गई है।
सरकारी कार्यालयों में रखे गए शीतल पेयजल के घड़े
जिला प्रशासन की ओर से प्रखंड-सह-अंचल कार्यालय, अनुमंडल कार्यालय तथा जिला मुख्यालय स्थित सभी सरकारी कार्यालयों में आम लोगों के लिए घड़ों में ठंडा पेयजल उपलब्ध कराया गया है। प्रशासन का उद्देश्य भीषण गर्मी के दौरान लोगों को राहत पहुंचाना और हीटवेव से बचाव सुनिश्चित करना है।
अधिकारियों ने बताया कि इस भीषण गर्मी में प्रशासन संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण के साथ कार्य कर रहा है, ताकि किसी भी नागरिक को पेयजल की कमी का सामना न करना पड़े।
ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश
जिले के चाईबासा और चक्रधरपुर पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल के कार्यपालक अभियंताओं को ग्रामीण इलाकों में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था सुचारू रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही बंद या खराब पड़े चापाकलों की तत्काल मरम्मत सुनिश्चित करने को कहा गया है।
जरूरत पड़ने पर टैंकर से होगी जलापूर्ति
प्रशासन ने शहरी क्षेत्रों में भी जल संकट की स्थिति से निपटने के लिए तैयारी शुरू कर दी है। जरूरत पड़ने पर पानी के टैंकरों के माध्यम से जलापूर्ति की जाएगी, ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
हीटवेव को लेकर सतर्क रहने की अपील
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि दोपहर के समय अत्यधिक धूप में बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलें। विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।











