सोशल संवाद / डेस्क : अगर आप नौकरी करते हैं और आपकी सैलरी से हर महीने कर्मचारी भविष्य निधि (PF) कटती है, तो आपके लिए बड़ी राहत की खबर है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) अपने सिस्टम को आधुनिक और डिजिटल बनाने के लिए EPFO 3.0 लागू करने जा रहा है। इस नई व्यवस्था के तहत पीएफ निकासी की प्रक्रिया पहले से कहीं ज्यादा आसान, तेज और पारदर्शी होगी।
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अब पीएफ का पैसा निकालने के लिए लंबे इंतजार, कागजी प्रक्रिया या दफ्तरों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं होगी। सरकार की नई डिजिटल पहल के तहत कर्मचारी सीधे UPI प्लेटफॉर्म या विशेष EPFO ATM कार्ड के जरिए अपने खाते से पैसा निकाल सकेंगे।
1. ₹5 लाख तक के क्लेम का ऑटो-सेटलमेंट
EPFO 3.0 की सबसे बड़ी विशेषता ऑटो-सेटलमेंट सुविधा है। पहले पीएफ क्लेम के निपटारे में 7 से 15 दिन तक लग जाते थे, लेकिन अब 5 लाख रुपये तक के पात्र क्लेम को सिस्टम स्वतः प्रोसेस कर सकेगा। हालांकि इसके लिए कर्मचारी का UAN सक्रिय होना चाहिए और उसमें आधार, पैन तथा बैंक खाते की जानकारी अपडेट व सत्यापित होनी चाहिए।
2. UPI और ATM से निकलेगा PF का पैसा
नई व्यवस्था के बाद कर्मचारी Google Pay, PhonePe, Paytm जैसे UPI प्लेटफॉर्म के माध्यम से अपना पीएफ बैलेंस देख सकेंगे और पात्रता के अनुसार राशि निकाल भी सकेंगे। इसके अलावा EPFO विशेष ATM कार्ड जारी करने की तैयारी में है, जिसके जरिए कर्मचारी किसी भी अधिकृत एटीएम से अपने पीएफ खाते से धनराशि निकाल सकेंगे।
3. कंपनी के अप्रूवल की झंझट होगी खत्म
अब पीएफ क्लेम के लिए पुरानी या वर्तमान कंपनी के डिजिटल अप्रूवल का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। यदि कर्मचारी का UAN आधार से लिंक है और उसकी KYC पहले से सत्यापित है, तो कई मामलों में क्लेम प्रक्रिया स्वतः पूरी हो सकेगी। इससे कर्मचारियों को बार-बार कंपनी के संपर्क में रहने की आवश्यकता नहीं होगी।
4. 13 कैटेगरी की जगह सिर्फ 3 आसान विकल्प
EPFO ने पीएफ एडवांस निकासी की जटिल प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए विभिन्न श्रेणियों को घटाकर तीन मुख्य वर्गों में बांटने का प्रस्ताव रखा है:
इमरजेंसी (Emergency)
गंभीर बीमारी, शादी या बच्चों की शिक्षा जैसी जरूरतों के लिए।
लाइफ माइलस्टोन (Life Milestone)
घर खरीदने, निर्माण कराने या होम लोन चुकाने के लिए।
बेरोजगारी (Unemployment)
नौकरी छूटने या आय बंद होने की स्थिति में।
5. नौकरी छूटने पर 75% तक निकासी की सुविधा
नई व्यवस्था के अनुसार यदि कोई कर्मचारी नौकरी खो देता है और एक महीने तक बेरोजगार रहता है, तो वह अपने पीएफ बैलेंस का 75 प्रतिशत तक हिस्सा निकाल सकता है। शेष 25 प्रतिशत राशि नियमानुसार आगे निकाली जा सकती है, जिससे कठिन समय में कर्मचारियों को आर्थिक सहायता मिल सके।
6. Form 15G और 15H की जगह नया Form 121
सरकार ने टैक्स से जुड़े नियमों को भी सरल बनाने की दिशा में कदम उठाया है। 1 अप्रैल 2026 से Form 15G और Form 15H के स्थान पर नया Form 121 लागू किया गया है। यह फॉर्म ऑनलाइन जमा किया जा सकेगा, जिससे पात्र कर्मचारियों को TDS कटौती से राहत मिल सकेगी।
पूरा PF निकालने के नियम क्या हैं?
नियम आसान होने के बावजूद सरकार रिटायरमेंट फंड की सुरक्षा को प्राथमिकता दे रही है। इसी वजह से नौकरी के दौरान कर्मचारी अपने पीएफ खाते का पूरा बैलेंस नहीं निकाल सकते। सामान्य परिस्थितियों में खाते में कम से कम 25 प्रतिशत राशि बनाए रखना आवश्यक है। पूर्ण निकासी केवल सेवानिवृत्ति या लगातार दो महीने तक बेरोजगार रहने जैसी विशेष परिस्थितियों में ही संभव होती है।









