सोशल संवाद / रांची : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि राज्य की बेटियों एवं महिलाओं का स्वास्थ्य हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सर्वाइकल कैंसर एक गंभीर स्वास्थ्य चुनौती है। इसके बचाव एवं रोकथाम के लिए सरकार पूरी संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ आवश्यक कदम उठाएगी।
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प्रस्तावित एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण पर सरकार फिलहाल जल्दबाजी में कोई निर्णय नहीं लेगी। पहले पूरे राज्य में सर्वाइकल कैंसर के मरीजों का सर्वेक्षण कराया जाएगा। बीमारी की वास्तविक स्थिति, मरीजों की उम्र, बीमारी के चरण के बाद विशेषज्ञों की राय ली जाएगी। इसके लिए विशेषज्ञ समिति गठित करने के साथ देश-विदेश के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थानों और कैंसर विशेषज्ञों से परामर्श परामर्श किया जाएगा।
मुख्यमंत्री बुधवार को झारखंड मंत्रालय में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ राज्य की स्वास्थ्य बनाने के उद्देश्य व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने के से विस्तृत समीक्षा बैठक कर रहे थे। समय मुख्यमंत्री ने सर्वाइकल कैंसर की पर पहचान के लिए जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में पैप स्मीयर तथा एचपीवी डीएनए जांच की उपलब्धता बढ़ाने का निर्देश दिया।











