सोशल संवाद / जमशेदपुर: जमशेदपुर के लक्ष्मीनारायण मंदिर परिसर में धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए गोसेवा केंद्र और सनातन सदन की स्थापना की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। श्रीरामनवमी के शुभ अवसर पर इन दोनों परियोजनाओं का विधिवत भूमिपूजन किया गया।

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इस कार्यक्रम में जमशेदपुर पश्चिम के विधायक Saryu Roy मुख्य रूप से उपस्थित रहे और उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भूमि पूजन संपन्न कराया।
सनातन सदन में मिलेगा संस्कृति और धर्म का ज्ञान
भूमिपूजन के दौरान सरयू राय ने बताया कि बनने वाला सनातन सदन एक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक केंद्र होगा, जहां:
- वेद, पुराण और धार्मिक ग्रंथों का संग्रह रहेगा
- पूजा-पद्धति और कर्मकांड से जुड़ी जानकारी उपलब्ध होगी
- पंडितों को शुद्ध मंत्रोच्चारण और विधि-विधान का प्रशिक्षण दिया जाएगा
यह सदन तीन मंजिला होगा, जिसमें ऊपरी दो तल को पुस्तकालय और वाचनालय के रूप में विकसित किया जाएगा।
मंदिर परिसर में बनेगा गोसेवा केंद्र
मंदिर के दक्षिण-पश्चिम कोने में गोसेवा केंद्र स्थापित किया जाएगा, जिसका भी भूमिपूजन किया गया।
- यहां गायों की सेवा और संरक्षण किया जाएगा
- भगवान श्रीकृष्ण और गोमाता की प्रतिमा स्थापित होगी
- पंच पल्लव (आम, पीपल, पाकर, बरगद, गूलर) के पौधे लगाए जाएंगे
इस केंद्र के जरिए स्वदेशी और भारतीय स्वास्थ्य परंपराओं को बढ़ावा देने का लक्ष्य रखा गया है।
कन्या पूजन और प्रसाद वितरण
रामनवमी के अवसर पर सरयू राय ने मंदिर परिसर में करीब डेढ़ दर्जन कुंवारी कन्याओं का पूजन किया।
- कन्याओं को प्रसाद और उपहार दिए गए
- भोजन में चना, हलवा, पूड़ी और खीर परोसा गया
इस दौरान कई समाजसेवी और स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे।
ध्वज पूजन का आयोजन
कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में 31-31 फीट ऊंचे दो ध्वजों का विधि-विधान से पूजन किया गया। वैदिक मंत्रों के बीच इन ध्वजों को गरुड़ स्तंभ के दोनों ओर स्थापित किया गया।
लक्ष्मीनारायण मंदिर में गोसेवा केंद्र और सनातन सदन की स्थापना जमशेदपुर में धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों को नई दिशा देगी।
यह पहल न केवल आस्था को मजबूत करेगी, बल्कि आने वाली पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।









