सोशल संवाद / डेस्क : राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले से एक बेहद भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है। रावला तहसील की रहने वाली 12वीं कक्षा की छात्रा निकिता ने RBSE बोर्ड परीक्षा में शानदार 93.88% अंक हासिल किए, लेकिन अफसोस कि वह अपने इस परिणाम को देख नहीं पाईं।

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रिजल्ट से 10 दिन पहले हुई मौत
नikita का निधन 20 मार्च 2026 को हो गया था, जबकि राजस्थान बोर्ड (RBSE) का 12वीं का रिजल्ट 30 मार्च 2026 को जारी हुआ। यानी अपनी मेहनत का फल देखने से पहले ही उसने इस दुनिया को अलविदा कह दिया।
बीमारी से जूझते हुए की थी पढ़ाई
निकिता सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल, रावला की छात्रा थीं। वह लंबे समय से हेपेटाइटिस और डायबिटीज जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रही थीं। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और परीक्षा की तैयारी जारी रखी।
गरीब परिवार की होनहार बेटी
निकिता के माता-पिता दिहाड़ी मजदूर हैं। आर्थिक तंगी और बेटी के इलाज के बीच भी उन्होंने उसकी पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी। आज उनकी बेटी की सफलता पर गर्व तो है, लेकिन उसे देखने का मौका न मिलने का गहरा दुख भी।
लाखों छात्रों ने दी थी परीक्षा
RBSE की 12वीं बोर्ड परीक्षाएं (Arts, Science, Commerce) 12 फरवरी से 11 मार्च 2026 के बीच आयोजित हुई थीं, जिसमें पूरे राजस्थान से लाखों छात्र शामिल हुए थे।
एक अधूरी कहानी, जो दिल छू जाती है
निकिता की कहानी हर किसी को भावुक कर देती है। यह सिर्फ एक रिजल्ट नहीं, बल्कि संघर्ष, मेहनत और हिम्मत की मिसाल है। उसकी सफलता आज भी लोगों को प्रेरित कर रही है।









