सोशल संवाद / डेस्क : रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। इसी बीच CJP यानी Cockroach Janta Party का एक प्रतिनिधिमंडल भी छात्रों के समर्थन में रांची पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल ने आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों से मुलाकात कर उनके साथ खड़े रहने की बात कही।

यह भी पढे : JPSC-JSSC आंदोलन: भूख हड़ताल पर बैठे देवेंद्र नाथ महतो की तबीयत बिगड़ी
छात्रों के समर्थन में रांची पहुंचा CJP
CJP के प्रतिनिधिमंडल ने रांची में चल रहे छात्र आंदोलन के प्रति एकजुटता जाहिर की। संगठन की ओर से कहा गया कि छात्रों की मांगों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए और जब तक उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता, वे उनके साथ खड़े रहेंगे।
JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर पिछले कई दिनों से छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलनकारी अभ्यर्थी परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
CBI जांच की मांग क्यों?
प्रदर्शन कर रहे छात्रों की प्रमुख मांगों में भर्ती परीक्षाओं की स्वतंत्र जांच शामिल है। आंदोलनकारी 14वीं JPSC प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करने और कथित अनियमितताओं की CBI जांच कराने की मांग कर रहे हैं।
छात्रों का कहना है कि निष्पक्ष जांच के जरिए यह स्पष्ट होना चाहिए कि परीक्षा प्रक्रिया में कहीं गड़बड़ी हुई है या नहीं और अगर अनियमितता सामने आती है तो इसके लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए। हालांकि, इन आरोपों की जांच अभी जारी है और किसी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचना बाकी है।
आंदोलन को मिल रहा राजनीतिक और सामाजिक समर्थन
JPSC-JSSC विवाद को लेकर छात्रों के आंदोलन को अब अलग-अलग संगठनों और राजनीतिक समूहों का समर्थन भी मिल रहा है। CJP के अलावा अन्य संगठनों ने भी अभ्यर्थियों की मांगों को लेकर आवाज उठाई है।
वहीं, झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान भी JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं का मुद्दा जोर-शोर से उठा। विपक्षी विधायकों ने CBI जांच की मांग को लेकर सदन में विरोध प्रदर्शन किया।
सरकार और छात्रों के बीच बातचीत भी हुई
आंदोलन के बीच झारखंड सरकार ने प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के साथ बातचीत शुरू की है। सरकार की ओर से बातचीत को सकारात्मक बताया गया, लेकिन छात्र नेताओं ने कहा कि जब तक उनकी प्रमुख मांगों पर ठोस निर्णय नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा।
सरकार की ओर से कथित परीक्षा अनियमितताओं की जांच के लिए CID की कार्रवाई भी जारी है। ऐसे में छात्रों की CBI जांच की मांग और सरकार की मौजूदा जांच प्रक्रिया के बीच अंतर बना हुआ है।
छात्रों की प्रमुख मांगें क्या हैं?
JPSC-JSSC विवाद को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों की प्रमुख मांगों में शामिल हैं:
- 14वीं JPSC प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करना
- कथित अनियमितताओं की CBI जांच कराना
- भर्ती परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करना
- दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई
- JPSC और JSSC की परीक्षा व्यवस्था में सुधार
- अभ्यर्थियों की शिकायतों का निष्पक्ष समाधान
आंदोलन के बीच बढ़ रहा दबाव
रांची में छात्रों का आंदोलन लगातार लंबा खिंच रहा है। बातचीत के बावजूद अभ्यर्थी अपनी मांगों पर कायम हैं। वहीं, विधानसभा में भी यह मुद्दा राजनीतिक बहस का हिस्सा बन चुका है।
फिलहाल CJP के समर्थन से आंदोलन को एक और संगठनात्मक समर्थन मिला है। अब देखना होगा कि सरकार और छात्रों के बीच आगे होने वाली बातचीत से कोई समाधान निकलता है या आंदोलन और तेज होता है।









