सोशल संवाद/डेस्क : श्रीनाथ विश्वविद्यालय स्थित गणित विभाग द्वारा आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला जिसका शीर्षक “मैथमेटिकल साइंस फॉर सस्टेनेबल फ्यूचर” का सफल आयोजन किया गया। कार्यशाला की शुरूआत उद्घाटन समारोह के साथ हुआ जिसमें पहले दिन मुख्य अतिथि और वक्ता के रूप में विकास कुमार एवं अंकुर शास्वत उपस्थित रहे।
ये भी पढे : मानगो विकास पर मेयर-डिप्टी मेयर की बैठक, पेयजल व सुविधाओं को मजबूत करने पर जोर
उद्घाटन समारोह में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डॉ. शिवानंद सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. याहा मजूमदार, असिस्टेंट डीन (रिसर्च) डॉ. शैलेश कुमार सारंगी, असिस्टेंट डीन (करिकुलम डेवलपमेंट) डॉ. सुदर्शना बनर्जी सहित विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, सहायक प्रोफेसर एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित थे। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथियों को पुष्प गुच्छ देकर एवं दीप प्रज्वलन से हुई, जिसके पश्चात कुलपति महोदय ने छात्रों को संबोधित किया।
कार्यक्रम के पहले दिन मुख्य वक्ताओं ने अपने अपने अनुभव छात्रों के साथ साझा करते हुए वैज्ञानिक चेतना और सर्वांगीण विकास पर प्रेरणादायक संबोधन दिया। उन्होंने देश-विदेश के महान गणितज्ञों और वैज्ञानिकों के जीवन पर आधारित डॉक्यूमेंट्री फिल्मों के माध्यम से विद्यार्थियों को प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान छात्रों में उत्साह देख गया जिसमें सबने बढ़ चढ़कर भाग लिया।
इस कार्यशाला के दूसरे दिन मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. अमिताभ बोस एवं डॉ. नयन मखोपाध्याय शामिल हुए कार्यक्रम की शुरुआत भी पुष्प स्वागत एवं दीप प्रज्वलन से हुई। इस अवसर पर श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन की प्राचार्या डॉ. मौसुमी महतो ने मंच से सभी का स्वागत किया। इस दौरान श्रीनाथ कॉलेज ऑफ फार्मेसी के प्राचार्य डॉ. प्रशांता कुमार महापात्रा ने सभा में उपस्थित सभी को संबोधित किया।
मुख्य वक्ता डॉ. अमिताभ बोस ने गणित के इतिहास, वर्तमान और भविष्य पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डालते हुए कहा कि गणित सभी विषयों की जननी है। उन्होंने गणित के विभिन्न आयामों पर अपने विचार प्रस्तुत किए। वहीं, डॉ. नयन मुखोपाध्याय ने अपनी आकर्षक शैली में अंधविश्वास, कुसंस्कार और पाखंड को समाप्त करने का संदेश दिया। उनके साथ आए पश्चिम बंगाल विज्ञान मंच, पुरुलिया के सदस्यों ने विभिन्न प्रयोगों के माध्यम से वैज्ञानिक दृष्टिकोण को समझाते हुए ठगी और अंधविश्वास से बचने के उपाय बताए।
दोनों दिनों के कार्यक्रम का संचालन छात्राएं नंदिनी सिंह और प्रीति कुमारी महतो ने किया। अंत में गणित विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. तरुण कुमार महतो ने सभी अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के प्रति कार्यक्रम की अपार सफलता को देखते हुए आभार व्यक्त किया और धन्यवाद दिया।









