सोशल संवाद / रांची : झारखंड में जनगणना 2027 की तैयारी शुरू हो गयी है. राज्य सरकार ने अधिसूचना जारी करते हुए जनगणना अधिकारियों को घर-घर जाकर जानकारी संग्रह करने का निर्देश दिया है.
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मकान सूचीकरण और मकानों की गणना के दौरान लोगों से 33 बिंदुओं पर जानकारी ली जायेगी. राजस्व, निबंधन एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार यह कार्रवाई भारत सरकार के गृह मंत्रालय और महापंजीयक कार्यालय के निर्देश पर की जा रही है. जनगणना अधिनियम 1948 के तहत अधिकारियों को यह अधिकार दिया गया है.
जनगणना के दौरान मकान की स्थिति, निर्माण सामग्री, परिवार के सदस्यों की संख्या, अनुसूचित जाति-जनजाति की स्थिति, पेयजल, बिजली, शौचालय, स्नानघर और रसोईघर की उपलब्धता जैसी जानकारियां जुटायी जायेंगी. इसके अलावा इंटरनेट सुविधा, मोबाइल फोन, लैपटॉप, टीवी, वाहन और परिवार द्वारा इस्तेमाल किये जाने वाले मुख्य अनाज से संबंधित जानकारी भी ली जायेगी. मोबाइल नंबर भी लिया जायेगा, लेकिन इसका उपयोग केवल जनगणना संबंधी सूचना के लिए होगा.
ये सवाल पूछे जायेंगे :
- परिवार में कितने सदस्य हैं
- मकान अपना है या किराये का
- घर में कितने कमरे हैं
- पेयजल का मुख्य स्रोत क्या है
- शौचालय और स्नानघर की सुविधा है या नहीं
- खाना पकाने के लिए कौन सा ईंधन उपयोग होता है
- इंटरनेट और मोबाइल सुविधा उपलब्ध है या नहीं
- परिवार के पास टीवी, लैपटॉप, बाइक या कार है या नहीं
- परिवार किस मुख्य अनाज का उपयोग करता है
सरकार का फोकस :
- डिजिटल और सामाजिक आंकड़ों का संग्रह
- बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन
- भविष्य की विकास योजनाओं के लिए डाटा तैयार करना
- शहरी और ग्रामीण जरूरतों की पहचान करना










