सोशल संवाद/डेस्क : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को चार दिन के सेंट्रल एशिया दौरे पर रवाना हुए। इस यात्रा में वह पहले उज्बेकिस्तान और फिर किर्गिस्तान जाएंगे। करीब चार साल बाद पीएम मोदी इस क्षेत्र के दौरे पर जा रहे हैं।

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अपने दौरे के पहले चरण में मोदी 29 और 30 अगस्त को उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद में रहेंगे। यहां उनकी राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव से मुलाकात होगी। दोनों नेताओं के बीच व्यापार, निवेश, रक्षा, ऊर्जा और शिक्षा समेत कई मुद्दों पर बातचीत होगी।
ताशकंद के बाद बिश्केक जाएंगे पीएम मोदी
उज्बेकिस्तान के बाद प्रधानमंत्री मोदी 31 अगस्त को किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक पहुंचेंगे। यहां वह शंघाई सहयोग संगठन यानी SCO की 26वीं समिट में शामिल होंगे।
समिट में सुरक्षा, आतंकवाद से मुकाबला, व्यापार, कनेक्टिविटी और आर्थिक सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी। भारत 2017 से SCO का पूर्ण सदस्य है।
जिनपिंग और पुतिन से मुलाकात पर नजर
SCO समिट के दौरान पीएम मोदी की चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात हो सकती है। हालांकि, इन मुलाकातों का आधिकारिक कार्यक्रम अभी स्पष्ट नहीं है।
अगर दोनों नेताओं के साथ बैठक होती है तो भारत-चीन और भारत-रूस संबंधों से जुड़े अहम मुद्दों पर बातचीत की संभावना रहेगी।
वर्ल्ड नोमैड गेम्स में भी शामिल होंगे
बिश्केक में पीएम मोदी 6वें वर्ल्ड नोमैड गेम्स के उद्घाटन समारोह में भी हिस्सा ले सकते हैं। इस दौरे को सेंट्रल एशिया के देशों के साथ भारत के रिश्ते मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री की इस यात्रा के दौरान जहां द्विपक्षीय रिश्तों पर बातचीत होगी, वहीं SCO के मंच पर क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग जैसे मुद्दे भी चर्चा में रहेंगे।









