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शाह बोले- अब्दुल्ला और नेहरू 40 हजार हत्याओं के जिम्मेदार:जब कश्मीर में आतंकवाद हावी था, फारूक लंदन में महंगी मोटरसाइकिल चला रहे थे

By Tamishree Mukherjee

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सोशल संवाद /डेस्क : गृह मंत्री अमित शाह आज जम्मू-कश्मीर में चुनावी रैली कर रहे हैं। उन्होंने चेनानी और उधमपुर में लोगों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि यह अब्दुल्ला और नेहरू ही हैं जो जम्मू और कश्मीर में 40,000 लोगों की हत्या के जिम्मेदार हैं।

उस समय फारूक अब्दुल्ला कहां थे? वह गर्मियों में लंदन में छुट्टियां मना रहे थे और महंगी मोटरसाइकिल चला रहे थे। कोई पार्टी नहीं, सिर्फ भाजपा ने जम्मू और कश्मीर से आतंकवाद को खत्म किया है।

शाह ने कहा कि हमारी देश की संसद पर जिस अफजल गुरु ने हमला करवाया उसकी फांसी की सजा का ये लोग विरोध कर रहे हैं। उमर अब्दुल्ला कहते हैं कि अफजल गुरु को फांसी नहीं देनी चाहिए।

उमर अब्दुल्ला साहब, आप आतंकवादियों को बिरयानी खिलाते रहिए, लेकिन जो आतंक फैलाएगा, उसका जवाब फांसी के तख्ते पर ही दिया जाएगा।

शाह के भाषण की प्रमुख बातें…

  • आजादी के बाद जम्मू-कश्मीर में एक ऐसा चुनाव होने जा रहा है, जब यहां न धारा-370 है और न ही अलग झंडा है।
  • जम्मू-कश्मीर 40 साल तक आतंकवाद की दहशत में रहा, 40,000 लोग मारे गए, 3,000 दिन कर्फ्यू रहा। हर दिन पाक प्रेरित आतंकवादी बम और गोलियां चलाते थे। हमारी सरकार ने धारा-370 को खत्म कर दिया। अब न पत्थरबाजी होती है, न ही गोलियां चलती हैं।
  • कांग्रेस, NC जम्मू-कश्मीर में फिर आतंकवाद लाना चाहते हैं। आतंकवाद को हम पाताल तक दफन करके ही हम दम लेंगे।
  • उमर अब्दुल्ला और राहुल कह रहे थे कि हम जम्मू-कश्मीर में लोकतंत्र लाएंगे। किस मुंह से कह रहे हैं आप? अब्दुल्ला परिवार, मुफ्ती परिवार और नेहरू-गांधी परिवार ने 70 साल तक जम्मू-कश्मीर में लोकतंत्र को बांध कर रखा।
  • अभी-अभी राहुल गांधी यहां आए थे। उन्होंने कहा कि बाहर के लोग यहां शासन करते हैं, उनका मतलब उप-राज्यपाल जी से था। राहुल को पता होना चाहिए कि जम्मू-कश्मीर में सबसे ज्यादा राष्ट्रपति शासन अगर किसी के शासन में रहा तो वो इनकी नानी और पिताजी राजीव गांधी के समय में रहा है।

जम्मू-कश्मीर में 10 साल बाद हो रहे विधानसभा चुनाव

जम्मू-कश्मीर में 10 साल बाद विधानसभा चुनाव हो रहे हैं। 2019 में आर्टिकल-370 हटाने के बाद यह पहला विधानसभा चुनाव है। जम्मू-कश्मीर में 90 विधानसभा क्षेत्र हैं, जिनमें 7 अनुसूचित जातियों के लिए और 9 अनुसूचित जनजातियों के लिए रिजर्व हैं।

18 सितंबर को पहले फेज की वोटिंग हो चुकी है। 25 सितंबर को दूसरे फेज और 1 अक्टूबर को तीसरे फेज की वोटिंग होगी। 8 अक्टूबर को नतीजे आएंगे। चुनाव आयोग के मुताबिक यहां 88.06 लाख वोटर हैं।

2014 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 25 सीटों पर जीत दर्ज की थी। पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) ने 28 सीटें, जम्मू और कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) ने 15 और कांग्रेस ने 12 सीटें जीती थीं।

भाजपा 90 में से 62 सीटों पर चुनाव लड़ रही

भाजपा ने जम्मू-कश्मीर की 90 में से 62 सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। जम्मू संभाग की सभी 43 सीटों पर भाजपा ने प्रत्याशी उतारे हैं। पार्टी कश्मीर में 47 में से 19 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। बची हुई 28 सीटों पर भाजपा निर्दलीय उम्मीदवारों को समर्थन करेगी।

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