सोशल संवाद / जमशेदपुर : जमशेदपुर के सोनारी में रमजान के पवित्र महीने में इफ्तार का आयोजन किया गया। नमाजियों के बीच आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द का संदेश दिया गया।

यह भी पढे : भारतीय ज्ञान परंपरा विषय पर ज्ञानवर्धक परिचर्चा आयोजित
रमजान के पवित्र महीने में सोनारी में इफ्तार का आयोजन
मुस्लिम समुदाय का पवित्र महीना रमजान पूरे देश में आस्था और श्रद्धा के साथ मनाया जा रहा है। इस दौरान मुस्लिम समुदाय के लोग, चाहे वे बुजुर्ग हों, युवा हों, महिलाएं हों या बच्चे सभी रोजा रखते हैं और शाम की नमाज के बाद सामूहिक रूप से इफ्तार कर रोजा खोलते हैं। यह महीना संयम, इबादत और आपसी भाईचारे का प्रतीक माना जाता है।
नमाजियों के लिए किया गया इफ्तार का आयोजन
इसी कड़ी में जमशेदपुर के सोनारी क्षेत्र में भी इफ्तार का विशेष आयोजन किया गया। सोनारी थाना शांति समिति के सदस्य डी. बोस पिछले तीन वर्षों से लगातार इस पवित्र महीने में नमाजियों के लिए इफ्तार का आयोजन कर रहे हैं। यह आयोजन सोनारी थाना शांति समिति के सचिव एवं जमशेदपुर न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू के निर्देशानुसार किया जाता है।
डी. बोस ने सोनारी के दोनों प्रमुख मस्जिदों कुम्हार पाड़ा और खुटाड़ी में पहुंचकर नमाजियों के लिए इफ्तार की व्यवस्था की, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
भाईचारे और सौहार्द का संदेश
यह इफ्तार कार्यक्रम केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि आपसी प्रेम, विश्वास और सामाजिक सौहार्द का प्रतीक है। इससे यह संदेश मिलता है कि सोनारी क्षेत्र में सभी धर्मों के लोग मिल-जुलकर एक-दूसरे के पर्व और परंपराओं का सम्मान करते हैं। यहां हर त्योहार अमन, चैन और भाईचारे के माहौल में मनाया जाता है।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
इस मौके पर जमशेदपुर न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता एवं सोनारी थाना शांति समिति के सचिव सुधीर कुमार पप्पू, शांति समिति के सदस्य भाई हरिदास, अजय समेत सोनारी क्षेत्र के दोनों मस्जिदों के सम्मानित सदस्य और कई स्थानीय लोग उपस्थित रहे। यह आयोजन समाज में एकता, सौहार्द और भाईचारे की मजबूत मिसाल बनकर सामने आया।









