---Advertisement---
Banner 1
Banner 2

नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को मिला पूर्व उपमुख्यमंत्री का सरकारी बंगला, बिहार की राजनीति में चर्चा तेज

By Riya Kumari

Published :

Follow
नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को मिला पूर्व उपमुख्यमंत्री का सरकारी बंगला, बिहार की राजनीति में चर्चा तेज

Join WhatsApp

Join Now

सोशल संवाद / डेस्क : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार को राजधानी पटना में एक सरकारी आवास आवंटित किए जाने के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। राज्य सरकार ने उन्हें पूर्व उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को आवंटित रहा सरकारी बंगला उपलब्ध कराया है।

यह भी पढे : शिवसेना (UBT) में बड़ी टूट की अटकलें, छह सांसदों के दिल्ली पहुंचने से बढ़ी सियासी हलचल

जानकारी के अनुसार, पटना के प्रतिष्ठित 5, देशरत्न मार्ग स्थित सरकारी आवास को निशांत कुमार के नाम आवंटित किया गया है। इससे पहले यह बंगला बिहार के उपमुख्यमंत्री रहे सम्राट चौधरी के पास था। हाल ही में सम्राट चौधरी के नए सरकारी आवास में स्थानांतरित होने के बाद यह बंगला खाली हुआ था।

बंगला आवंटन को लेकर सियासी बहस

निशांत कुमार को सरकारी आवास मिलने के बाद विपक्षी दलों ने इसे लेकर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मुख्यमंत्री के बेटे को सरकारी बंगला आवंटित किए जाने से राज्य की राजनीति में नए समीकरणों और संभावनाओं को लेकर चर्चाएं तेज हो सकती हैं।

हालांकि सरकार की ओर से कहा गया है कि आवास आवंटन संबंधित नियमों और प्रक्रियाओं के तहत किया गया है। प्रशासनिक स्तर पर इसे एक नियमित प्रक्रिया बताया जा रहा है।

निशांत कुमार को लेकर पहले भी होती रही हैं चर्चाएं

निशांत कुमार लंबे समय से सार्वजनिक जीवन से अपेक्षाकृत दूर रहे हैं, लेकिन समय-समय पर उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर चर्चाएं होती रही हैं। हालांकि उन्होंने अब तक सक्रिय राजनीति में प्रवेश नहीं किया है और न ही किसी राजनीतिक भूमिका को लेकर सार्वजनिक रूप से कोई घोषणा की है।

क्या राजनीति में एंट्री के संकेत?

सरकारी बंगले के आवंटन के बाद राजनीतिक हलकों में यह सवाल भी उठने लगा है कि क्या यह भविष्य में किसी बड़ी राजनीतिक भूमिका की तैयारी का संकेत है। हालांकि इस संबंध में न तो निशांत कुमार और न ही जनता दल (यूनाइटेड) की ओर से कोई आधिकारिक टिप्पणी सामने आई है।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आगामी विधानसभा चुनावों से पहले इस तरह के घटनाक्रमों पर स्वाभाविक रूप से लोगों की नजर बनी रहती है। फिलहाल बंगला आवंटन को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है, लेकिन इसके राजनीतिक मायने आने वाले समय में ही स्पष्ट हो पाएंगे।

आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार

इस पूरे मामले पर सरकार और जदयू नेतृत्व की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है। वहीं विपक्ष इसे राजनीतिक मुद्दा बनाने की कोशिश में जुटा हुआ है।

YouTube Join Now
Facebook Join Now
Social Samvad MagazineJoin Now
---Advertisement---

संबंधित पोस्ट