सोशल संवाद / डेस्क : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर एक नया डिजिटल रिकॉर्ड बनाने का दावा किया है। उनकी एक इंस्टाग्राम रील को 24 घंटे के भीतर 309 मिलियन (30.9 करोड़) से अधिक व्यूज मिले, जो पहले के 300 मिलियन व्यूज के रिकॉर्ड से आगे बताया जा रहा है। इस रिकॉर्ड ने डिजिटल प्लेटफॉर्म पर प्रधानमंत्री की पहुंच और लोकप्रियता को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।

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24 घंटे में 309 मिलियन से ज्यादा व्यूज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा साझा की गई इंस्टाग्राम रील को महज 24 घंटे के भीतर 309 मिलियन से अधिक व्यूज मिलने का दावा किया गया है। इसके साथ ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ और बड़ी संख्या में लोगों ने इसे देखा, साझा किया और अपनी प्रतिक्रिया दी।
प्रधानमंत्री ने युवाओं का जताया आभार
रिकॉर्ड व्यूज मिलने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पर एक और वीडियो संदेश साझा किया। उन्होंने “Friends, Thank You” कहकर देशवासियों, खासकर युवाओं का आभार व्यक्त किया और कहा कि उन्हें मिले सुझावों और डिजिटल समर्थन के लिए वे सभी के प्रति आभारी हैं।
पेपर लीक पर सरकार का सख्त रुख
प्रधानमंत्री ने अपने वीडियो संदेश में प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और अन्य अनियमितताओं को गंभीर मुद्दा बताया। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले में कड़ी कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों का भविष्य सुरक्षित रखना सरकार की प्राथमिकता है और इसी उद्देश्य से दोबारा परीक्षाओं के आयोजन सहित कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं, ताकि किसी भी छात्र का शैक्षणिक वर्ष प्रभावित न हो।
सख्त कानून लाने की तैयारी
प्रधानमंत्री ने संकेत दिया कि केंद्र सरकार परीक्षा पेपर लीक जैसे मामलों पर अंकुश लगाने के लिए सख्त कानूनी व्यवस्था तैयार कर रही है। प्रस्तावित कानून में पेपर लीक गिरोहों के खिलाफ कड़ी सजा और फास्ट-ट्रैक कोर्ट जैसी व्यवस्था शामिल किए जाने की बात कही गई।
जंतर-मंतर पर जारी है छात्रों का प्रदर्शन
इधर नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर हजारों छात्र और युवा प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों और जवाबदेही की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, दोषियों पर कार्रवाई और संस्थागत सुधार की मांग कर रहे हैं।
इसी बीच प्रधानमंत्री ने डिजिटल माध्यम से सीधे युवाओं से संवाद करते हुए भरोसा दिलाया कि सरकार परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है।









