सोशल संवाद / जमशेदपुर : Tata Steel के जमशेदपुर प्लांट में काम करने वाले करीब 2,800 कर्मचारियों की दिनचर्या में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। कंपनी प्रबंधन ने जनरल शिफ्ट की अलग-अलग समय-सारिणी को समाप्त कर एक समान टाइमिंग लागू करने का फैसला लिया है। नई व्यवस्था 1 नवंबर 2026 से प्रभावी होगी। इसके तहत जनरल शिफ्ट के सभी संबंधित कर्मचारियों को सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक ड्यूटी करनी होगी।
पांच अलग-अलग शिफ्ट की जगह अब एक टाइमिंग
फिलहाल Tata Steel में जनरल शिफ्ट के कर्मचारियों के लिए पांच अलग-अलग समय निर्धारित थे। इनमें सुबह 7 बजे से शाम 4 बजे, 7:30 बजे से शाम 4:30 बजे, 8 बजे से शाम 5 बजे, 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे और सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक की ड्यूटी शामिल थी।
अब इन सभी समय-सारिणियों को एक समान किया जा रहा है। इस बदलाव से करीब 2,800 कर्मचारी प्रभावित होंगे। हालांकि, नियमित तीन पालियों में काम करने वाले कर्मचारियों की शिफ्ट व्यवस्था पहले की तरह जारी रहेगी।
उत्पादन और भारी वाहनों की आवाजाही होगी व्यवस्थित
शिफ्ट की टाइमिंग में बदलाव के पीछे कंपनी परिसर में कर्मचारियों और भारी वाहनों की आवाजाही को बेहतर तरीके से व्यवस्थित करना प्रमुख उद्देश्य बताया गया है। अलग-अलग समय पर कर्मचारियों के आने-जाने के कारण कई बार सुरक्षा के लिहाज से भारी वाहनों का परिचालन रोकना पड़ता था। इससे उत्पादन और लॉजिस्टिक्स से जुड़ी गतिविधियां प्रभावित होती थीं।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद कर्मचारियों के आने-जाने का समय एक समान रहेगा। प्रबंधन को उम्मीद है कि इससे प्लांट के भीतर भारी वाहनों की आवाजाही और उत्पादन प्रक्रिया के बीच बेहतर तालमेल बनाया जा सकेगा।
15 अक्टूबर से शुरू हुआ था ट्रायल
नई टाइमिंग लागू करने से पहले 15 अक्टूबर से ट्रायल शुरू किया गया था। इस दौरान कर्मचारियों की आवाजाही और गेट पर प्रवेश व्यवस्था का परीक्षण किया गया। हालांकि, ट्रायल के दौरान इंटीग्रेटेड गेट पर प्रवेश को लेकर कर्मचारियों की परेशानी की खबरें भी सामने आईं।
कर्मचारियों के बीच यह सवाल है कि जब सभी लोग लगभग एक ही समय पर ड्यूटी के लिए पहुंचेंगे, तो गेट पर भीड़ और जाम की स्थिति से कैसे निपटा जाएगा। प्रबंधन और टाटा वर्कर्स यूनियन के बीच इस विषय पर बातचीत भी हुई है।
कर्मचारियों की नजर गेट व्यवस्था पर
नई शिफ्ट व्यवस्था लागू होने के साथ ही कर्मचारियों की निगाहें अब प्रवेश और निकास की प्रक्रिया पर टिकी हैं। कर्मचारियों की मांग है कि नई टाइमिंग के अनुरूप गेट पर ऐसी व्यवस्था हो, जिससे उन्हें प्रवेश के लिए लंबा इंतजार न करना पड़े।
कुल मिलाकर, 1 नवंबर से लागू होने वाला यह बदलाव टाटा स्टील के करीब 2,800 जनरल शिफ्ट कर्मचारियों की रोजमर्रा की दिनचर्या बदल देगा। अब देखना होगा कि नई टाइमिंग के साथ कंपनी परिसर में आवाजाही कितनी सुचारू रहती है।










