सोशल संवाद/डेस्क: झारखंड की राजधानी Ranchi के Rajendra Institute of Medical Sciences (RIMS) में अब मरीजों को एक ही परिसर में लगभग हर तरह की जांच सुविधा मिलने जा रही है। ट्रॉमा सेंटर की अत्याधुनिक लैब में पहले से 24 घंटे जांच की सुविधा उपलब्ध है, जिसे अब और विस्तार दिया जा रहा है।
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रिम्स प्रबंधन के अनुसार, अब यहां कई नई और महंगी जांचें भी शुरू की जा रही हैं, जिससे मरीजों को समय पर बीमारी का पता चल सकेगा और इलाज जल्दी शुरू हो पाएगा। खासतौर पर गरीब और जरूरतमंद मरीजों को इसका सीधा लाभ मिलेगा, जिन्हें अब तक निजी लैब में हजारों रुपये खर्च करने पड़ते थे।
नई शुरू होने वाली जांचों में कैंसर, थायरॉयड, किडनी और जोड़ों से जुड़ी बीमारियों की पहचान करने वाले टेस्ट शामिल हैं। इनमें CA-125, CA-19-9, एंटी-TPO, एंटी-CCP, मूत्र प्रोटीन और RF जांच प्रमुख हैं। इन टेस्ट के लिए निजी लैब में 15 से 20 हजार रुपये तक खर्च आता था, लेकिन रिम्स में फिलहाल इन्हें मुफ्त या बेहद कम दर पर उपलब्ध कराया जाएगा। आगे चलकर इनकी कीमत बाजार से करीब 90 प्रतिशत तक कम रखने की योजना है।
ट्रॉमा सेंटर लैब में पहले से ही ब्लड शुगर, किडनी और लिवर फंक्शन, इलेक्ट्रोलाइट्स, हार्मोन टेस्ट, कैंसर मार्कर, संक्रमण जांच और सामान्य पैथोलॉजी जांच जैसी सुविधाएं 24×7 उपलब्ध हैं। यहां 4 से 5 घंटे के भीतर रिपोर्ट भी मिल रही है। इन सुविधाओं के विस्तार से अब मरीजों को निजी लैब पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। एक ही जगह जांच और इलाज मिलने से न सिर्फ समय बचेगा, बल्कि इलाज की लागत भी काफी कम होगी।
डॉक्टरों का मानना है कि इससे गंभीर बीमारियों की समय पर पहचान हो सकेगी और मरीजों का आर्थिक बोझ घटेगा। लंबे समय से उठ रही महंगी जांचों को सरकारी अस्पताल में शुरू करने की मांग अब पूरी होती दिख रही है, जिससे आयुष्मान भारत योजना और बीपीएल श्रेणी के मरीजों को भी बड़ा फायदा मिलेगा।









