सोशल संवाद / रांची : सीआईडी की एसआईटी ने सोमवार को सीजीएल पेपर लीक मामले में पटना से राजन कुमार नाम के आरोपी को गिरफ्तार किया। सीआईडी ने हाल ही में कई सफल अभ्यर्थियों से पूछताछ की थी, वहीं जेल भेजे गए आरोपियों के बयान में भी राजन कुमार का नाम सामने आया था। सीआईडी ने इस संबंध में साक्ष्य जुटाने के बाद राजन को गिरफ्तार कर लिया। पटना के नेवरा थाना क्षेत्र स्थित श्रीचंद्रपुर गांव का रहने वाला राजन पटना में कारोबार करता है।
यह भी पढ़े : Hydrogen Train India: 120 किमी/घंटे का सफल ट्रायल, अब 110 की स्पीड से दौड़ेगी ट्रेन
जानकारी के मुताबिक, राजन ने पश्चिम बंगाल के नियामतपुर स्थित एक होटल में कई अभ्यर्थियों को बुलाया था, जहां प्रश्न और उत्तर रटवाए गए थे। साथ ही वहीं वसूली भी की गई थी। राजन कुमार प्रश्नपत्र सेट कराने वाली एजेंसी आईसीएन से जुड़े मिथिलेश सिंह का करीबी रहा है। सीआईडी की एसआईटी ने सोमांश प्रकाश व राहुल कुमार के बयान में भी राजन के संबंध में जानकारी जुटाई थी। सूचना के मुताबिक, गिरफ्तार सफल अभ्यर्थियों के स्वीकारोक्ति बयान में भी राजन के नाम बताया था।
लगातार हो रही गिरफ्तारियां :
सीआईडी ने 27 अगस्त को परीक्षा संचालन से जुड़े सोमांश प्रकाश और राहुल कुमार को गिरफ्तार कि था। वहीं 28 अगस्त को परीक्षा में सफल चार अभ्यर्थी दीपक कुमार, विजय कुमार तिवारी, आनंद कुमार सिंह और उमेश कुमार राय को गिरफ्तार किया।
अब तक नौ सफल अभ्यर्थी गिरफ्तार
सीआईडी ने सीजीएल पेपर लीक में अब तक मास्टरमाइंड अभय तिवारी, उसके भाई अक्षय तिवारी, पत्नी सुषमा तिवारी, समीर कुमार, दीपक कुमार, विजय कुमार तिवारी, आनंद कुमार सिंह, उमेश कुमार राय और कुंदन कुमार को गिरफ्तार किया है। कुंदन के जरिए एक दर्जन से अधिक अभ्यर्थियों की सेटिंग की बात भी जांच में सामने आ चुकी है।










