सोशल संवाद / डेस्क : रेलवे लाइन की क्षमता बढ़ाने के लिए मंजूर की गई नई परियोजनाओं से देश में रेल संचालन को बड़ी मजबूती मिलेगी। इन योजनाओं के लागू होने के बाद ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुचारु होगी, जिससे भारतीय रेलवे की परिचालन क्षमता (Operational Capacity) और सेवाओं की विश्वसनीयता में उल्लेखनीय सुधार आएगा।
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मल्टी-ट्रैकिंग परियोजनाओं के जरिए व्यस्त रेल मार्गों पर भीड़भाड़ कम होगी और ट्रेनों के संचालन में आने वाली बाधाएं दूर होंगी। इससे यात्री ट्रेनों के साथ-साथ मालगाड़ियों की आवाजाही भी तेज और अधिक प्रभावी हो सकेगी। ये परियोजनाएं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘नए भारत’ के विजन के अनुरूप तैयार की गई हैं। इनका उद्देश्य क्षेत्रीय विकास को गति देना, स्थानीय लोगों को आत्मनिर्भर बनाना तथा रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराना है।
इन सभी परियोजनाओं की योजना पीएम गति शक्ति नेशनल मास्टर प्लान के तहत तैयार की गई है। इसमें एकीकृत योजना (Integrated Planning), विभिन्न विभागों के समन्वय और हितधारकों के साथ व्यापक विचार-विमर्श के माध्यम से मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी और लॉजिस्टिक नेटवर्क को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया है।
परियोजनाओं के पूरा होने के बाद लोगों, उद्योगों और व्यापारिक गतिविधियों को बेहतर परिवहन सुविधा मिलेगी। साथ ही सामान, सेवाओं और यात्रियों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित होगी, जिससे आर्थिक विकास को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।










