सोशल संवाद / नई दिल्ली : तमिलनाडु सरकार ने नवजात बच्चों के लिए एक अनोखी योजना शुरू करने की तैयारी कर ली है। सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले बच्चों को सरकार की ओर से 1 ग्राम सोने की अंगूठी दी जाएगी। ‘थायमामन थंगा मोथिरम’ यानी ‘मामा की सोने की अंगूठी’ योजना को 15 सितंबर 2026 से शुरू किया जाना है।
यह भी पढे : JSSC-JPSC परीक्षा घोटाला: अभय तिवारी की पत्नी और भाई CID रिमांड पर, तीन दिन होगी पूछताछ
इस योजना का उद्देश्य सरकारी अस्पतालों में प्रसव को बढ़ावा देने के साथ नवजात बच्चों के जन्म की खुशी को खास तरीके से मनाना है। तमिलनाडु सरकार ने योजना के तहत सोने की अंगूठियों की आपूर्ति के लिए दो ज्वेलरी कंपनियों को काम का आदेश भी जारी कर दिया है।
1 ग्राम की होगी सोने की अंगूठी
योजना के तहत सरकारी अस्पताल में जन्म लेने वाले प्रत्येक पात्र नवजात को 1 ग्राम की सोने की अंगूठी दी जाएगी। शुरुआती चरण में जून से सितंबर 2026 के बीच लाभार्थी बच्चों के लिए 1,28,499 अंगूठियों की जरूरत है। इनकी आपूर्ति के लिए जॉय अलुक्कास और कल्याण ज्वेलर्स को 70:30 के अनुपात में जिम्मेदारी दी गई है।
755 करोड़ रुपये का है सालाना बजट
तमिलनाडु सरकार ने इस योजना के लिए सालाना करीब 755.83 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया है। पूरे साल में करीब 4,41,667 सोने की अंगूठियां वितरित करने की योजना है। शुरुआती 1,28,499 अंगूठियों की अनुमानित लागत करीब 220 करोड़ रुपये बताई गई है।
सोने की कीमत बाजार भाव के अनुसार तय होगी। सरकार ने अंगूठियों की खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया भी पूरी कर ली है।
जॉय अलुक्कास बनी सबसे कम बोली लगाने वाली कंपनी
सरकार के मुताबिक, 14 जुलाई को 11 कंपनियों ने टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लिया था। जॉय अलुक्कास ने सोने की कीमत को छोड़कर प्रोसेसिंग, बीमा, परिवहन, पैकिंग और BIS हॉलमार्किंग जैसे अतिरिक्त खर्चों के लिए सिर्फ 0.01 रुपये की बोली लगाई। कंपनी को सबसे कम बोली लगाने वाली यानी L1 कंपनी के रूप में चुना गया।
इसके बाद जॉय अलुक्कास को 70 प्रतिशत और कल्याण ज्वेलर्स को 30 प्रतिशत अंगूठियों की आपूर्ति का काम दिया गया है।
22 जून से जन्मे बच्चों को भी मिलेगा लाभ
इस योजना में 22 जून 2026 से सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले बच्चे भी शामिल होंगे। 22 जून तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय का जन्मदिन है। योजना को 15 सितंबर को लॉन्च किया जाना है, जो पूर्व मुख्यमंत्री सी. एन. अन्नादुरई की जयंती है।
सरकारी अस्पतालों में प्रसव को बढ़ावा देना है उद्देश्य
तमिलनाडु सरकार के अनुसार, योजना का मकसद सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं पर लोगों का भरोसा मजबूत करना और सरकारी अस्पतालों में प्रसव को बढ़ावा देना है। इसके साथ ही नवजात बच्चे के जन्म और मातृत्व की खुशी को सम्मान देने का प्रयास किया जा रहा है।
योजना का नाम तमिल समाज की उस परंपरा से जुड़ा है, जिसमें बच्चे के जन्म पर मामा की ओर से उपहार दिया जाता है। इसी भाव को ध्यान में रखते हुए सरकार नवजात बच्चों को सोने की अंगूठी देने जा रही है।
15 सितंबर से शुरू होगी योजना
तमिलनाडु सरकार की इस योजना को 15 सितंबर 2026 से पूरे राज्य में लागू करने की तैयारी है। शुरुआती चरण में जून से सितंबर के बीच जन्मे पात्र बच्चों के लिए अंगूठियों की आपूर्ति की जाएगी। इसके बाद योजना के तहत सालभर सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले पात्र नवजात बच्चों को 1 ग्राम सोने की अंगूठी देने का लक्ष्य रखा गया है।









