सोशल संवाद/डेस्क : राहुल गांधी ने सोमवार को पश्चिम एशिया में चल रहे संकट से निपटने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की हालिया ‘सात अपीलों’ पर पलटवार किया। उन्होंने इसे नाकामी करार दिया। कहा कि अब देश चलाना प्रधानमंत्री के बस में नहीं रह गया है।

यह भी पढे : दो साल बाद जेल से बाहर आएंगे आलमगीर आलम:सुप्रीम कोर्ट ने दी जमानत
X पर एक पोस्ट में राहुल ने लिखा, ‘कल मोदी जी ने जनता से त्याग मांगा। सोना मत खरीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम इस्तेमाल करो, खाद और खाने के तेल का उपयोग घटाओ, मेट्रो से चलो, घर से काम करो। ये उपदेश नहीं हैं। ये विफलता हैं।’
उन्होंने कहा, ’12 साल में देश को इस मुकाम पर ला दिया है कि जनता को बताना पड़ रहा है। क्या खरीदें, क्या नहीं। कहां जाए, कहां नहीं।’
दरअसल, रविवार को सिकंदराबाद में एक जनसभा में पीएम मोदी ने आयात पर निर्भरता कम करने की जरूरत पर जोर दिया था, ताकि विदेशी मुद्रा की बचत और पर्यावरण की रक्षा हो सके।
विपक्ष ने कहा, देश में सिर्फ एक संकट ‘भाजपा’
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा, ‘भाजपा सरकार अर्थव्यवस्था और विदेश नीति दोनों को संभालने में विफल रही है। जैसे ही चुनाव खत्म हुए, सरकार को अचानक ‘संकट’ याद आ गया। असल में देश के लिए केवल एक ही संकट है और उसका नाम भाजपा है।”










