सोशल संवाद / डेस्क : अयोध्या के श्रीराम मंदिर में दान गिनती से जुड़े विवाद के बीच बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। चढ़ावे की गिनती करने वाले 23 कर्मचारियों ने एक साथ इस्तीफा दे दिया, जिसके बाद दान की गणना का काम प्रभावित हो गया है। बताया जा रहा है कि कर्मचारियों के अचानक इस्तीफे से मंदिर प्रशासन के सामने नई व्यवस्था बनाने की चुनौती खड़ी हो गई है।
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दान गिनती की रफ्तार हुई धीमी
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कर्मचारियों के इस्तीफे के बाद दान गिनने के लिए पहले की तुलना में काफी कम कर्मचारी उपलब्ध रहे। इससे श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए नकद दान की गिनती की प्रक्रिया धीमी पड़ गई है। नई टीम की नियुक्ति होने तक व्यवस्था को सामान्य करने में समय लग सकता है।
पहले भी सामने आ चुका है दान गबन का मामला
हाल के दिनों में श्रीराम मंदिर के दान प्रबंधन को लेकर विवाद सामने आया था। जांच एजेंसियों ने दान की गिनती और सुरक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं की जांच शुरू की थी। इस मामले में कई लोगों से पूछताछ की गई और कुछ कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई भी हुई।
ट्रस्ट ने प्रशासनिक बदलाव भी किए
दान विवाद के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने प्रशासनिक स्तर पर भी बदलाव किए हैं। ट्रस्ट के कुछ प्रमुख पदाधिकारियों के इस्तीफे स्वीकार किए गए हैं और व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए नए प्रशासनिक ढांचे पर काम किया जा रहा है।
जांच जारी, पारदर्शिता पर जोर
मामले की जांच अभी जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दान प्रबंधन प्रणाली को और मजबूत बनाने तथा भविष्य में किसी भी तरह की अनियमितता रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। साथ ही श्रद्धालुओं का विश्वास बनाए रखने के लिए सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को भी सख्त किया जा रहा है।










