सोशल संवाद / रामगढ़: जिले में झारखंड के सबसे खूबसूरत पर्यटक स्थलों में से एक पतरातू लेक रिजॉर्ट और पतरातू घाटी है. राज्य सरकार के अथक प्रयासों से इसे काफी आकर्षक बनाया गया है. यह प्रसिद्ध पर्यटन स्थल इन दिनों प्रकृति प्रेमियों और पर्यटकों के लिए खास आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. खासकर साल के अंतिम महीने और नववर्ष के दौरान सर्दियों के मौसम में पहाड़ियों के बीच फैला जलाशय, चारों ओर हरियाली और शांत वातावरण लोगों को अपनी ओर खींच रहा है.
यह भी पढ़े : Income Tax Notice SMS: रिवाइज्ड रिटर्न 31 दिसंबर तक फाइल करें, नहीं तो 25% एक्स्ट्रा टैक्स
विदेशी मेहमान भी पहुंचे थे पतरातू डैम
झारखंड की पहचान अब केवल खनिज संपदा तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यटन और वैश्विक संवाद तक विस्तृत हो चुकी है. पर्यटन की दृष्टि से पतरातू झारखंड का हब माना जाने लगा है. पतरातू लेक रिजॉर्ट को अंतरराष्ट्रीय ख्याति भी मिल चुकी है. क्योंकि झारखंड की राजधानी रांची में आयोजित जी-20 शिखर सम्मेलन में शामिल होने आए 20 देशों के 55 मेहमानों में 13 विदेशी समेत 38 मेहमान रांची में आयोजित कार्यक्रम के बाद पतरातू लेक रिजॉर्ट पहुंचकर अपना दिन यादगार बनाया था. पतरातू डैम आज प्रकृति और विकास के संतुलन का उदाहरण बन चुका है.
विदेशी साइबेरियन पक्षी आते हैं पतरातू झील
पतरातू झील का महत्व लगातार बढ़ रहा है. सप्ताहांत और छुट्टियों के दौरान झारखंड के रांची, रामगढ़, बोकारो, हजारीबाग, जमशेदपुर और आसपास के जिलों के साथ-साथ बड़ी संख्या में बंगाल, ओडिशा और अन्य राज्यों के लोग यहां पहुंच रहे हैं. पर्यटक प्राकृतिक नजारों के साथ-साथ फोटोग्राफी और बोटिंग का भी आनंद ले रहे हैं. पक्षियों की चहचहाहट और विदेशी साइबेरियन पक्षी पूरे इलाके को जीवंत बना देते हैं. स्थानीय लोगों के अनुसार ठंड के मौसम में विभिन्न प्रजातियों के पक्षी देखे जाते हैं. पर्यटक अपने परिवार और दोस्तों के साथ शहर की चकाचौंध छोड़ प्रकृति की गोद में पहुंचकर भरपूर आनंद उठाते हैं.
पतरातू लेक में हजारों किलोमीटर की यात्रा कर प्रवासी पक्षी ठंडे प्रदेशों से आते हैं. विदेशी साइबेरियन मेहमानों की अठखेलियां देख पर्यटक रोमांचित हो रहे हैं. जैसे ही पर्यटक बोट के सहारे डैम में घूमने जाते हैं, तब उनके आसपास पक्षियों का झुंड मंडराने लगता है. मानो पक्षियों और पर्यटकों की कोई गहरी पुरानी मित्रता हो. यह पल पर्यटकों को रोमांचित करता है.










