सोशल संवाद / झारखंड : गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर झारखंड की उपराजधानी दुमका में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन राष्ट्र ध्वज नहीं फहराएंगे। मुख्यमंत्री की अनुपस्थिति में दुमका के उपायुक्त (डीसी) अभिजीत सिन्हा झंडोत्तोलन करेंगे। इस संबंध में राज्य सरकार ने जिला प्रशासन को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए हैं।
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दुमका डीसी को मिला झंडोत्तोलन का आदेश
दुमका से प्राप्त जानकारी के अनुसार राज्य सरकार ने गणतंत्र दिवस समारोह की सभी तैयारियां सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। साथ ही स्पष्ट रूप से यह आदेश दिया गया है कि 26 जनवरी को झंडोत्तोलन की जिम्मेदारी दुमका डीसी अभिजीत सिन्हा निभाएंगे।
विदेश दौरे पर हैं मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस समय स्विट्ज़रलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) में भाग लेने गए हैं। दावोस कार्यक्रम के बाद उनका इंग्लैंड दौरा भी प्रस्तावित है, जहां वे ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में व्याख्यान देंगे।
इन्हीं कार्यक्रमों के कारण मुख्यमंत्री 26 जनवरी तक झारखंड नहीं लौट पाएंगे, जिसके चलते दुमका डीसी को झंडोत्तोलन का दायित्व सौंपा गया है।
पहले भी स्वतंत्रता दिवस पर नहीं कर पाए थे झंडोत्तोलन
गौरतलब है कि इससे पहले 15 अगस्त 2025 को 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ऐतिहासिक मोरहाबादी मैदान में झंडोत्तोलन नहीं कर सके थे। उस समय उनके पिता, दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन के कारण वे श्राद्ध कर्म में व्यस्त थे। ऐसे में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने मोरहाबादी मैदान में झंडोत्तोलन किया था।
झारखंड में झंडोत्तोलन की परंपरा
झारखंड में परंपरागत रूप से
- 15 अगस्त को मुख्यमंत्री रांची के मोरहाबादी मैदान में और राज्यपाल दुमका में झंडोत्तोलन करते हैं।
- वहीं 26 जनवरी (गणतंत्र दिवस) को राज्यपाल मोरहाबादी मैदान में और मुख्यमंत्री दुमका में राष्ट्र ध्वज फहराते हैं।










