सोशल संवाद/रांची:जेपीएससी परीक्षा में कथित अनियमितता से जुड़े मामले में सीआईडी ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। जांच एजेंसी ने राज्य के पूर्व मुख्यसचिव एल ख्यांगते के कार्यालय में कंप्यूटर ऑपरेटर रहे धर्मेंद्र कुमार के अलावा तीन अभ्यर्थियों और टीडीपीएल कंपनी के अकाउंटेंट रक्षक सिंह को गिरफ्तार किया। रक्षक की गिरफ्तारी यूपी पुलिस के सहयोग से रांची और लखनऊ में हुई छापेमारी के दौरान हुई।
जांच में सबसे चौंकाने वाला खुलासा टीडीपीएल की संलिप्तता को लेकर हुआ है। लखनऊ के कोटवा बख्शी का तालाब निवासी रक्षक सिंह टीडीपीएल में एकाउंटेंट है। अपने पद का दुरुपयोग करते हुए वह 14वीं जेपीएससी की पीटी में पास हुआ और धोखाधड़ी में शामिल हुआ। गिरफ्तार आरोपियों में लोहरदगा का उमाकांत उरांव न केवल अनुचित साधनों से परीक्षा में उत्तीर्ण हुआ, बल्कि अन्य को पास कराने के लिए एजेंट का काम भी किया था। इसके अलावा रांची के कोकर निवासी रोशन केरकेट्टा, धुर्वा सेक्टर-3 निवासी मनोज कुमार और कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित ऑड्रे हाउस निवासी धर्मेंद्र कुमार की भी गिरफ्तारी हुई है। धर्मेंद्र ख्यांग्ते के मुख्य सचिव रहते उनके कार्यालय में कार्यरत रह चुका है।









