---Advertisement---
Banner 1
Banner 2

राज्य में 75 पार के बुजुर्गों का घर बैठे होगा निबंधन

By Riya Kumari

Published :

Follow
राज्य में 75 पार के बुजुर्गों का घर बैठे होगा निबंधन

Join WhatsApp

Join Now

सोशल संवाद/डेस्क : बिहार राज्य के 75 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों को भी जमीन या संपत्ति के निबंधन की सुविधा घर बैठे मिलेगी। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को वैशाली जिले के हाजीपुर स्थित जिला निबंधन कार्यालय से राज्य की अत्याधुनिक डिजिटल एवं पेपरलेस निबंधन प्रणाली के शुभारंभ के मौके पर यह घोषणा की। मुख्यमंत्री ने होम रजिस्ट्रेशन, भूमि संबंधी ऑनलाइन जांच, पेपरलेस निबंधन एवं जीआईएस तकनीक से स्थल निरीक्षण सेवा की शुरुआत की।

यह भी पढे : NCERT विवाद: धर्मेंद्र प्रधान ने जांच के दिए आदेश, अधिकारियों पर होगी कार्रवाई

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार डिजिटल शासन की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। आज से होम रजिट्रेशन की सुविधा बिहार के लाखों बुजुर्गों को उनके घर पर उपलब्ध करायी जा रही है। पेपरलेस निबंधन प्रणाली की सुविधा 80 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिकों को उपलब्ध करायी जानी थी। इस सेवा में अब उम्र सीमा कम की गई है। पेपरलेस निबंधन प्रणाली की सुविधा 75 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों को भी घर बैठे उपलब्ध करायी जायेगी। सरकार का उद्देश्य आम नागरिकों का जीवन आसान तथा सरकारी सेवाओं को अधिक सरल, पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाना है। उन्होंने पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि आपसी बंटवारे और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए राज्य से बाहर रहने वाले लोगों को भी ऐप से डिजिटल निबंधन की सुविधा दी जाए।

इन सेवाओं की शुरुआत

  1. होम रजिस्ट्रेशन
  2. भूमि संबंधी ऑनलाइन जांच
  3. पेपरलेस निबंधन
  4. जीआईएस तकनीक से स्थल निरीक्षण सेवा

ये सहूलियतें भी मिलेंगी

  1. आवेदकों को निबंधन से जुड़े दस्तावेज व्हाट्सएप एवं ई-मेल से भी दिये जाएंगे
  2. भूमि की खरीद-बिक्री से पहले उसकी वास्तविक स्थिति की पुष्टि की जाएगी
  3. राज्य से बाहर रहने वाले लोगों को भी ऐप से डिजिटल निबंधन की सुविधा शुरू होगी

ये फायदे होंगे

  1. खरीदारों के हित सुरक्षित होंगे, विवादों में कमी आएगी
  2. कागजी कार्रवाई में कमी आने से समय की बचत होगी
  3. निबंधन कार्यालय का अनावश्यक चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा
YouTube Join Now
Facebook Join Now
Social Samvad MagazineJoin Now
---Advertisement---

Exit mobile version