सोशल संवाद / झारखंड : झारखंड के बोकारो जिले में स्थित सिविल कोर्ट को साइनाइड बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सोमवार को प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। कोर्ट के रजिस्ट्रार के आधिकारिक ईमेल पर तड़के करीब 3:54 बजे एक धमकी भरा मेल भेजा गया, जिसमें दावा किया गया कि न्यायालय परिसर में 14 साइनाइड बम लगाए गए हैं।
यह भी पढ़े : ₹3 करोड़ से जेएनएसी क्षेत्र में कराये जायेंगे विकास कार्य
ईमेल में यह भी चेतावनी दी गई थी कि दोपहर 1 बजे तक कोर्ट परिसर को खाली करा दिया जाए, अन्यथा गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। मेल में पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई और तमिलनाडु का भी उल्लेख किया गया था, जिससे सुरक्षा एजेंसियां और अधिक सतर्क हो गईं।
सूचना मिलते ही खाली कराया गया कोर्ट परिसर
धमकी की जानकारी मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की। एहतियात के तौर पर पूरे कोर्ट परिसर को खाली करा दिया गया और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। पुलिस की कई टीमें मौके पर तैनात कर दी गईं और पूरे परिसर की सघन जांच शुरू की गई।
बम और डॉग स्क्वॉड की टीम ने की जांच
बोकारो एसपी हरविंदर सिंह के अनुसार, इस धमकी की जानकारी सोमवार सुबह करीब 9 बजे न्यायिक पदाधिकारी के माध्यम से पुलिस को मिली। इसके बाद तत्काल पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। सुरक्षा के मद्देनजर कोर्ट परिसर के आसपास बैरिकेडिंग कर दी गई और लोगों की आवाजाही सीमित कर दी गई।
जांच के लिए बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वॉड की टीम को भी बुलाया गया, जिन्होंने कोर्ट परिसर और आसपास के क्षेत्र की बारीकी से तलाशी ली।
“सौरभ विश्वास” नाम से भेजा गया ईमेल
एसपी हरविंदर सिंह ने बताया कि धमकी भरा ईमेल “सौरभ विश्वास” नाम से भेजा गया है। फिलहाल ईमेल की सत्यता और इसके स्रोत की जांच की जा रही है। इस मामले की जानकारी रांची एटीएस के एसपी को भी दे दी गई है।
अभी तक नहीं मिला कोई संदिग्ध सामान
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की जांच के दौरान कोर्ट परिसर और आसपास के इलाके में किसी भी प्रकार का संदिग्ध सामान नहीं मिला है। हालांकि सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए हर पहलू की जांच कर रही हैं। फिलहाल पुलिस और खुफिया एजेंसियां ईमेल भेजने वाले व्यक्ति की पहचान करने और धमकी के पीछे की सच्चाई का पता लगाने में जुटी हुई हैं।









