सोशल संवाद / रांची: झारखंड में निजी अस्पतालों की मनमानी और मरीजों के साथ दुर्व्यवहार के मामलों को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। स्वास्थ्य मंत्री ने कड़ा संदेश देते हुए ट्यूलिप हॉस्पिटल का लाइसेंस निलंबित कर दिया है। अस्पताल को नए मरीजों के ओपीडी पंजीकरण समेत अन्य सेवाओं पर रोक लगाने का निर्देश दिया गया है।
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नए मरीजों की ओपीडी पर रोक
लाइसेंस निलंबित किए जाने के बाद ट्यूलिप हॉस्पिटल में नए मरीजों का ओपीडी पंजीकरण और अन्य सेवाएं रोकने का निर्देश दिया गया है। साथ ही अस्पताल प्रबंधन को मामले से जुड़े सभी रिकॉर्ड और साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए कहा गया है।
मामले की होगी विस्तृत जांच
सरकार की ओर से पूरे मामले की विस्तृत जांच कराई जाएगी। इसके लिए अस्पताल से संबंधित रिकॉर्ड और जरूरी साक्ष्यों को सुरक्षित रखने का निर्देश दिया गया है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मरीजों के साथ दुर्व्यवहार पर सख्त कार्रवाई
स्वास्थ्य मंत्री ने स्पष्ट किया है कि मरीजों के साथ किसी भी तरह का दुर्व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निजी अस्पतालों की मनमानी पर सरकार की नजर रहेगी और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सरकार के इस कदम को झारखंड में मरीजों के अधिकारों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।










