सोशल संवाद / रांची : Jharkhand में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर 63 लाख से अधिक मतदाताओं को राहत मिलने वाली है। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने कहा है कि विशेष परिस्थितियों को छोड़कर मतदाताओं को नोटिस की सुनवाई के लिए ERO कार्यालय जाने की जरूरत नहीं होगी।
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SIR के दौरान जिन मतदाताओं को Unmapped या Logical Discrepancy से संबंधित नोटिस जारी किया गया है, उनके घर पर BLO (बूथ लेवल ऑफिसर) पहुंचेंगे। BLO संबंधित मतदाता से आवश्यक दस्तावेज प्राप्त कर उन्हें ECINET पर अपलोड करेंगे। इसके बाद ERO नियमों के अनुसार मामले पर निर्णय लेंगे।
ऑनलाइन होगी सुनवाई
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के निर्देश के अनुसार ऐसे मतदाताओं को सामान्य तौर पर ERO-AERO कार्यालय में व्यक्तिगत सुनवाई के लिए बुलाने की आवश्यकता नहीं होगी। केवल असाधारण परिस्थितियों में ERO के निर्णय के अनुसार सुनवाई आयोजित की जाएगी और इसे ऑनलाइन माध्यम से कराया जाएगा।
जरूरत पड़ने पर मतदाता अपने परिवार के किसी वयस्क सदस्य को अपनी ओर से सुनवाई में शामिल होने के लिए अधिकृत भी कर सकते हैं। जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को ऑनलाइन सुनवाई की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।
BLO को मिलेगा सुपरवाइजर और वॉलेंटियर का सहयोग
घर-घर सत्यापन के दौरान जरूरत पड़ने पर BLO को BLO सुपरवाइजर की ओर से सहयोग दिया जाएगा। वहीं, जिन BLO को ECINET पर दस्तावेज अपलोड करने में तकनीकी परेशानी हो, उनकी सहायता के लिए जिला निर्वाचन पदाधिकारी वॉलेंटियर और अन्य जरूरी संसाधन उपलब्ध कराएंगे।
श्रमिकों और जरूरतमंदों के लिए हेल्प डेस्क
सीईओ ने जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को श्रमिकों, गरीब, बेघर और रात्रि आश्रय स्थलों में रहने वाले लोगों सहित अन्य जरूरतमंद मतदाताओं के लिए हेल्प डेस्क और विशेष शिविर आयोजित करने का निर्देश दिया है।
जहां सुनवाई की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, वहां कैंप मोड में डिजिटाइजेशन का काम पूरा करने को कहा गया है। साथ ही फॉर्म 6, 6A, 7 और 8 से जुड़े आवेदनों के डिजिटाइजेशन और जरूरत वाले मामलों में नोटिस जारी करने की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश दिया गया है।
किन बातों की होगी जांच?
SIR के तहत नोटिस की सुनवाई के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट और कारणयुक्त Speaking Order पारित करने का निर्देश दिया गया है। संबंधित मामले में यह देखा जाएगा कि व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल होने की पात्रता पूरी करता है या नहीं।
इसके लिए मुख्य रूप से यह जांच होगी कि संबंधित व्यक्ति:
- भारत का नागरिक है या नहीं
- 1 अक्टूबर 2026 को उसकी उम्र 18 वर्ष पूरी हो चुकी है या नहीं
- संबंधित मतदान केंद्र क्षेत्र में सामान्य रूप से निवास करता है या नहीं
इस व्यवस्था का उद्देश्य SIR प्रक्रिया के दौरान मतदाताओं को अनावश्यक रूप से कार्यालय बुलाने की जरूरत को कम करना और दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया को घर के स्तर तक आसान बनाना है।











