सोशल संवाद / सरायकेला : जिले में पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता को लेकर अफवाहों और कुछ पेट्रोल पंपों पर स्टॉक खत्म होने की सूचना के बीच कई जगहों पर वाहनों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। स्थिति ऐसी हो गई कि छोटे-बड़े वाहनों को घंटों इंतजार करना पड़ा और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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जानकारी के अनुसार, सरायकेला जिला मुख्यालय के कुछ पेट्रोल पंपों पर पिछले दो दिनों से “पेट्रोल-डीजल स्टॉक खत्म” होने का बोर्ड लगाया गया है। कहीं पेट्रोल नहीं मिलने की बात कही जा रही है तो कहीं डीजल उपलब्ध नहीं होने की सूचना दी जा रही है। इसके कारण जिले के अन्य संचालित पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
सड़क किनारे लगी मालवाहक वाहनों की कतार
स्थिति का असर यात्री वाहनों के साथ-साथ मालवाहक ट्रकों और बड़े वाहनों पर भी देखने को मिला। कई जगहों पर सड़क किनारे लंबी कतारें लग गईं, जिससे यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हुई। जरूरतमंद लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने से पहले घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ा।
इसी बीच, प्रशासन को आशंका है कि कुछ लोग इस स्थिति का फायदा उठाकर कालाबाजारी की तैयारी में भी जुट गए थे।
उपायुक्त के निर्देश पर प्रशासन हरकत में
मामले की जानकारी मिलते ही उपायुक्त ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अधिकारियों को जांच और निगरानी के निर्देश दिए। उनके निर्देश पर अनुमंडल पदाधिकारी ने क्षेत्र के विभिन्न पेट्रोल पंपों का औचक निरीक्षण किया और पंप संचालकों को आम उपभोक्ताओं की सुविधा का विशेष ध्यान रखने का निर्देश दिया।
प्रशासन ने पेट्रोल पंप संचालकों से कहा है कि वे ईंधन वितरण में पारदर्शिता बनाए रखें और किसी भी प्रकार की अफवाह या अनावश्यक घबराहट की स्थिति पैदा न होने दें।
अफवाहों से बचने की अपील
जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे किसी भी भ्रामक अफवाह पर ध्यान न दें और जरूरत से ज्यादा पेट्रोल-डीजल जमा करने के लिए पंपों पर अनावश्यक भीड़ न लगाएं।
प्रशासन की इस पहल के बाद आम लोगों ने राहत की सांस ली है। वहीं, ईंधन की कालाबाजारी की कोशिश में लगे लोगों में भी हड़कंप मच गया है।










