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पीएम नरेंद्र मोदी ने वाराणसी से किया तीसरी बार किया नामांकन

By admin

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सोशल संवाद/डेस्क : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi Varanasi News) ने मंगलवार को तीसरी बार वाराणसी से नामांकन किया. पीएम के साथ उनके प्रस्तावक गणेश्वर शास्त्री, वैजनाथ पटेल, लालचंद कुशवाहा, संजय सोनकर भी थे. इससे पहले पीएम 13 मई को वाराणसी पहुंचे थे. पहले उन्होंने रोड शोक किया. इसके बाद 14 मई को सुबह दशाश्वमेध घाट पहुंचकर मांग गंगा की पूजा अर्चना की. इसके बाद क्रूज पर सवार होकर नमोघाट पहुंचे. यहां से वो काशी के कोतवाल बाबा काल भैरव के दर्शन करने पहुंचे. इससे पहले पीएम मोदी ने कहा कि मां गंगा ने मुझे गोद लिया है.

महाराष्ट्र के सीएम व आंध्र प्रदेश के पूर्व सीएम पहुंचे
उधर पीएम मोदी (PM Modi Varanasi News) के नामांकन के मौके पर गृह मंत्री अमित शाह, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, सीएम योगी आदित्यनाथ, महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ सिंदे, आंध्र प्रदेश के पूर्व सीएम चंद्राबाबू नायडू, एक्टर पवन कल्याण, सुभासपा के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर, केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल वाराणसी कलेक्ट्रेट पहुंच चुकी थीं. कई अन्य सांसद मंत्री भी पीएम मोदी के नामांकन के मौके पर पहुंच रहे हैं. पीएम जिस रास्ते से कलेक्ट्रेट जाएंगे, उस रास्ते पर समर्थक इकठ्ठा हो गए थे.

पुष्य नक्षत्र में किया नामांकन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुष्य नक्षत्र में नामांकन किया है. सत्ताइस नक्षत्रों में आठवां नक्षत्र पुष्य है. सभी नक्षत्रों में पुष्य नक्षत्र को सबसे अच्छा माना जाता है. पुष्य नक्षत्र के देवता गुरु बृहस्पति हैं. वहीं इस नक्षत्र का स्वामी ग्रह शनि और राशि कर्क है. शादी-विवाह को छोड़कर सभी मांगलिक शुभ कार्यों में पुष्य नक्षत्र का महत्व है. ज्योतिष शास्त्रों में पुष्य नक्षत्र को अनेक दोषों को दूर करने वाला, शुभ कार्य उद्देश्यों में निश्चित सफलता प्रदान करने वाला एवं बहुमूल्य वस्तुओं की खरीददारी के लिए सबसे श्रेष्ठ और शुभ फलदायी माना गया है.

नामांकन के लिए सर्वोत्तम ग्रहों की स्थिति
पीएम नरेंद्र मोदी की कुंडली के अनुसार नामांकन के लिए सर्वोत्तम ग्रहों की स्थिति बन रही है. भौम पुष्य नक्षत्र पद, प्रतिष्ठा और ऐश्वर्ययोग बना रहा है. आनंद योग 1.05 तक, सर्वार्थ सिद्धि योग पुष्य नक्षत्र में 13 मई को 11.23 बजे से 14 मई को शाम 5.49 बजे तक रहेगा. आश्र्लेषा नक्षत्र 14 मई को 1.05 बजे से 15 मई को सुबह 5.49 बजे तक रहेगा. अमृत काल सुबह 6.13 बजे से 7.56 बजे तक रहेगा. सूर्य 14 मई को 5.55 तक मेष राशि में रहेगा और वृषभ राशि में प्रवेश करेंगे. राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा का मुर्हूत निकालने वाले पंडित गणेश्वर द्राविड़ के अनुसार राहुकाल दिन में 3.39 बजे से 5.18 बजे तक रहेगा. पुष्य नक्षत्र में यदि किसी काम को किया जाए उसमें सफलता निश्चित मानी जाती है.

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