सोशल संवाद/डेस्क : स्वतंत्रता दिवस के मौके पर सोना देवी विश्वविद्यालय, घाटशिला की NSS इकाई ने ‘हर घर तिरंगा, घर-घर तिरंगा’ अभियान के तहत विशेष जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और ग्रामीणों में देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता और नागरिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
यह भी पढे : जेपीएससी परीक्षाओं की सीबीआई जांच को हाईकोर्ट में पीआईएल
अभियान के तहत NSS स्वयंसेवक और विश्वविद्यालय के प्रतिनिधि कीताडीह गांव पहुंचे। यहां ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें तिरंगे के महत्व और उसके सम्मान के बारे में जानकारी दी गई।
स्वयंसेवकों ने ग्रामीणों से अपने घरों पर सम्मानपूर्वक तिरंगा फहराने और आसपास के लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की। इस दौरान स्वच्छता, सामाजिक समरसता, संवैधानिक कर्तव्यों और जिम्मेदार नागरिकता जैसे विषयों पर भी लोगों को जागरूक किया गया।
डॉ. शिवचन्द्र झा ने युवाओं की भूमिका पर दिया जोर
राजनीति विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष और NSS कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. शिवचन्द्र झा ने कहा कि तिरंगा केवल राष्ट्रीय ध्वज नहीं, बल्कि देश की आजादी, त्याग, बलिदान, एकता और गौरव का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि युवाओं में देशभक्ति की भावना सिर्फ स्वतंत्रता दिवस तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। युवाओं को अपनी शिक्षा, प्रतिभा और तकनीकी क्षमता का इस्तेमाल देश और समाज के विकास में करना चाहिए।
कुलसचिव ने बताया राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक
विश्वविद्यालय की कुलसचिव डॉ. नीत नयना ने कहा कि तिरंगा भारत की पहचान और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है। ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास और देश के प्रति उनकी जिम्मेदारियों को समझने का अवसर देते हैं।
उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे खुद जागरूक बनें और अपने परिवार तथा समाज के लोगों को भी राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान के प्रति जागरूक करें।
कुलपति ने विद्यार्थियों को किया प्रेरित
कुलपति प्रो. डॉ. ब्रज मोहन पाट पिंगुवा ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान को याद करने का अवसर भी है।
उन्होंने कहा कि देश के विकास में युवाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। शिक्षा, विज्ञान, तकनीक, अनुसंधान, उद्योग, कृषि और सामाजिक विकास जैसे क्षेत्रों में युवा अपनी क्षमता का इस्तेमाल कर देश को आगे बढ़ा सकते हैं।
कुलाधिपति ने दिया राष्ट्रहित में काम करने का संदेश
कुलाधिपति प्रभाकर सिंह ने कहा कि तिरंगा प्रत्येक भारतीय के लिए सम्मान और राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने व्यक्तिगत भविष्य के साथ-साथ समाज और देश के भविष्य के निर्माण में भी योगदान देने की अपील की।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को ईमानदारी, मेहनत और जिम्मेदारी के साथ काम करते हुए भारत की एकता, अखंडता और विकास को मजबूत करने का संकल्प लेना चाहिए।
NSS स्वयंसेवकों ने समझाया तिरंगे का महत्व
NSS कार्यक्रम पदाधिकारी सुश्री पतोत्रि माली ने छात्र-छात्राओं और ग्रामीणों को राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और गरिमा के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि NSS का उद्देश्य सिर्फ कार्यक्रम आयोजित करना नहीं, बल्कि युवाओं में सेवा, अनुशासन, नेतृत्व और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी है।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षक, विभागाध्यक्ष, कर्मचारी, NSS स्वयंसेवक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। सभी ने राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और देश की एकता-अखंडता के लिए काम करने का संकल्प लिया।
‘हर घर तिरंगा, घर-घर तिरंगा’ अभियान के जरिए सोना देवी विश्वविद्यालय की NSS इकाई ने विश्वविद्यालय परिसर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र तक राष्ट्रभक्ति, सामाजिक जागरूकता और जिम्मेदार नागरिकता का संदेश पहुंचाया।









