सोशल संवाद / डेस्क : WhatsApp और Telegram जैसे मैसेजिंग प्लेटफॉर्म पर निवेश के नाम पर होने वाली साइबर ठगी से लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। ठग खुद को शेयर बाजार का विशेषज्ञ या किसी प्रतिष्ठित वित्तीय कंपनी का प्रतिनिधि बताकर लोगों को निवेश के लिए फंसाते हैं। वे आकर्षक मुनाफे का लालच देते हैं और नकली ट्रेडिंग ऐप के जरिए खाते में बढ़ता हुआ मुनाफा दिखाकर अधिक पैसे जमा करवाते हैं। भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) ने भी ऐसे फर्जी निवेश समूहों और ऐप को लेकर चेतावनी दी है।
निवेश के नाम पर ठगी के 7 बड़े संकेत
1. गारंटीड मुनाफे का दावा
अगर कोई व्यक्ति शेयर बाजार में बिना जोखिम के निश्चित या बहुत अधिक मुनाफा देने का दावा करता है, तो सावधान हो जाएं। बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है।
2. अनजान WhatsApp या Telegram ग्रुप
बिना आपकी अनुमति के किसी निवेश ग्रुप में जोड़ा जाना या किसी अनजान व्यक्ति से शेयर टिप्स मिलना खतरे का संकेत हो सकता है। ऐसे ग्रुप में दी गई सलाह पर बिना जांच-पड़ताल भरोसा न करें।
3. फर्जी एक्सपर्ट और मुनाफे के स्क्रीनशॉट
ठग खुद को निवेश विशेषज्ञ बताकर नकली सफलता की कहानियां और मुनाफे के स्क्रीनशॉट साझा कर सकते हैं। ग्रुप के अन्य सदस्य भी भरोसा दिलाने के लिए लगातार कमाई के दावे कर सकते हैं।
4. निजी लिंक से ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करने का दबाव
अगर कोई व्यक्ति WhatsApp या Telegram पर लिंक भेजकर ऐप डाउनलोड करने और उसमें पैसे लगाने को कहता है, तो पहले उसकी विश्वसनीयता जांचें। अनजान लिंक या APK फाइल से ऐप इंस्टॉल करने से बचें।
5. पहले थोड़ा मुनाफा, फिर बड़े निवेश का लालच
कुछ ठगी के मामलों में शुरुआत में छोटी रकम पर मुनाफा या निकासी की अनुमति देकर भरोसा जीता जाता है। इसके बाद अधिक रकम लगाने के लिए दबाव बनाया जाता है।
6. पैसे निकालने पर अतिरिक्त शुल्क की मांग
निवेश की रकम निकालने के समय टैक्स, वेरिफिकेशन या प्रोसेसिंग फीस के नाम पर और पैसे मांगे जाएं, तो सतर्क रहें। ऐसे दबाव में आकर अतिरिक्त भुगतान न करें।
7. तुरंत निवेश करने का दबाव
“आज ही मौका है”, “सीमित सीटें हैं” या “अभी निवेश नहीं किया तो मौका छूट जाएगा” जैसे संदेश आपको जल्दबाजी में फैसला लेने के लिए उकसा सकते हैं। निवेश से पहले स्वतंत्र रूप से जांच करें और जल्दबाजी से बचें।
साइबर ठगी से बचने के लिए क्या करें?
- निवेश सलाह देने वाले व्यक्ति या संस्था का पंजीकरण आधिकारिक वेबसाइट पर जांचें।
- ट्रेडिंग ऐप की विश्वसनीयता संबंधित नियामक या एक्सचेंज के आधिकारिक स्रोत से सत्यापित करें।
- अनजान लोगों को बैंकिंग जानकारी, पासवर्ड या OTP न दें।
- किसी निजी व्यक्ति या अनजान UPI आईडी पर निवेश के नाम पर पैसे भेजने से पहले पूरी जांच करें।
- संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और अनजान स्रोत से ऐप डाउनलोड न करें।
ठगी हो जाए तो तुरंत कहां शिकायत करें?
अगर आपके साथ ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी हो गई है, तो तुरंत 1930 राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन पर संपर्क करें और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें। अपने बैंक या भुगतान सेवा प्रदाता को भी तुरंत सूचित करें। चैट, फोन नंबर, ऐप लिंक और लेन-देन की रसीदें सुरक्षित रखें। जल्दी शिकायत करने से रकम को ट्रैक करने या रोकने की संभावना बेहतर हो सकती है, हालांकि पैसे वापस मिलने की गारंटी नहीं होती।










