सोशल संवाद / डेस्क : श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) पद के लिए दो दिनों तक चला इंटरव्यू अब पूरा हो गया है। इस पद के लिए बिहार के डीजी प्रवेश सक्सेना, उत्तर प्रदेश के पूर्व IPS अधिकारी और एनकाउंटर स्पेशलिस्ट के रूप में चर्चित राजेश पांडेय तथा सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर सत्येंद्र कुमार सिन्हा समेत कई वरिष्ठ अधिकारियों ने दावेदारी पेश की। अब चयन समिति 16 उम्मीदवारों में से अंतिम तीन नामों का पैनल तैयार करेगी।
यह भी पढे : EPFO के नए नियम: नौकरी जाने पर निकाल सकेंगे 75% PF पैसा, घर की मरम्मत के लिए भी मिलेगा फायदा
राम मंदिर CEO पद के लिए इंटरव्यू में कौन-कौन पहुंचे?
राम मंदिर CEO पद के लिए 11 और 12 अगस्त को अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र परिसर में इंटरव्यू आयोजित किए गए। दूसरे दिन बिहार के पूर्व डीजीपी प्रवेश सक्सेना समेत कई वरिष्ठ अधिकारियों ने इंटरव्यू दिया। पूर्व IPS अधिकारी राजेश पांडेय का भी दोबारा इंटरव्यू हुआ। सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर सत्येंद्र कुमार सिन्हा का नाम भी उम्मीदवारों में शामिल रहा।
5,585 उम्मीदवारों ने किया था आवेदन
राम मंदिर CEO पद की चयन प्रक्रिया में देशभर से कुल 5,585 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से 3,877 आवेदनों के साथ विस्तृत CV उपलब्ध थे। इसके बाद 1,580 उम्मीदवारों के आवेदन का मूल्यांकन किया गया और 111 उम्मीदवारों के साथ वर्चुअल इंटरैक्शन हुआ। अंतिम चरण के लिए 16 उम्मीदवारों को आमने-सामने इंटरव्यू के लिए चुना गया।
CEO चयन के लिए किन खूबियों पर जोर?
चयन प्रक्रिया के दौरान उम्मीदवारों के प्रबंधन अनुभव, नेतृत्व क्षमता, विजन, रणनीतिक योजना, तकनीकी समझ और बड़े स्तर पर कार्यक्रमों एवं कर्मचारियों को संभालने की क्षमता का आकलन किया गया। चयन समिति ने प्रक्रिया को कठोर, पारदर्शी और योग्यता आधारित बताया है।
अब तीन नामों पर होगा फैसला
इंटरव्यू पूरा होने के बाद चयन समिति 16 उम्मीदवारों में से तीन नामों का पैनल तैयार करेगी। इसके बाद यह पैनल श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंपा जाएगा। अंतिम नियुक्ति का फैसला ट्रस्ट की ओर से किया जाएगा।
राम मंदिर CEO की नियुक्ति को मंदिर प्रशासन और प्रबंधन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। नए CEO के सामने मंदिर व्यवस्था, श्रद्धालुओं की सुविधाओं, बड़े स्तर पर संचालन और प्रशासनिक समन्वय जैसी जिम्मेदारियां होंगी।









