Advertisement 2

PMO का नाम अब सेवा तीर्थ: केंद्रीय सचिवालय कर्तव्य भवन और राजभवन अब लोकभवन कहलाएंगे

By Aditi Pandey

Published :

Follow
PMO will now be Seva Teerth
Srinath Advertisement
Dayal Advertisement

Join WhatsApp

Join Now

सोशल संवाद/डेस्क: केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) का नाम बदलकर सेवा तीर्थ कर दिया है। देश भर के राज्य भवन का नाम अब लोक भवन होगा। इसके अलावा केंद्रीय सचिवालय को कर्तव्य भवन के नाम से जाना जाएगा।

यह भी पढ़ें: पहले भी प्रशासन कई बार प्रशासन कार्य रोक चुका है, फिर भी धड़ल्ले से बन रही है मस्जिद

न्यूज एजेंसी PTI ने सरकार के सूत्रों के हवाले से मंगलवार को यह जानकारी दी। PMO के अफसरों ने कहा, ‘सार्वजनिक संस्थानों में बड़ा बदलाव हो रहा है। सत्ता से सेवा की ओर बढ़ रहे हैं। ये बदलाव प्रशासनिक नहीं, सांस्कृतिक है।’ इससे पहले केंद्र सरकार ने राजपथ का नाम बदलकर कर्तव्य पथ किया था। पीएम का आधिकारिक निवास भी रेस कोर्स रोड कहलाता था, जिसे 2016 में बदलकर लोक कल्याण मार्ग किया गया था।

क्यों बदला गया राज भवन का नाम?

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पिछले साल राज्यपालों के सम्मेलन में हुई एक चर्चा का हवाला देते हुए कहा कि राज भवन नाम औपनिवेशिक मानसिकता को दर्शाता है। इसलिए राज्यपालों और उप-राज्यपालों के कार्यालयों को अब लोक भवन और लोक निवास के नाम से जाना जाएगा।

78 साल पुराने साउथ ब्लॉक से शिफ्ट होगा PMO

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का दफ्तर (PMO) अब 78 साल पुराने साउथ ब्लॉक से निकलकर ‘सेवा तीर्थ’ नाम वाले नए एडवांस कैंपस में शिफ्ट होने जा रहा है। यह बदलाव सेंट्रल विस्टा री डेवलपमेंट प्रोजेक्ट का बड़ा हिस्सा है। 14 अक्टूबर को कैबिनेट सचिव टी.वी. सोमनाथन सेवा तीर्थ-2 में सेना प्रमुखों के साथ उच्चस्तरीय बैठक कर चुके हैं।

सेवा तीर्थ में क्या-क्या होगा?

  • PMO सेवा तीर्थ-1 से काम करेगा।
  • सेवा तीर्थ-2 में कैबिनेट सचिवालय होगें।
  • सेवा तीर्थ-3 में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) का दफ्तर होगा।

अब जानिए क्या है सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट?

सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत राष्ट्रपति भवन से लेकर इंडिया गेट तक कई इमारतों का री डेवलपमेंट और कंस्ट्रक्शन शामिल है। इसमें नया संसद भवन, मंत्रालय के कार्यालयों के लिए केंद्रीय सचिवालय, प्रधानमंत्री आवास, उप-राष्ट्रपति आवास का निर्माण किया जाना है।

सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट की घोषणा सितंबर, 2019 में हुई थी। 10 दिसंबर, 2020 को PM मोदी ने प्रोजेक्ट की आधारशिला रखी थी। सरकार ने पूरे प्रोजेक्ट के लिए 20 हजार करोड़ रुपए का बजट रखा है। कर्तव्य पथ के दोनों तरफ के इलाके को सेंट्रल विस्टा कहते हैं।

YouTube Join Now
Facebook Join Now
Social Samvad MagazineJoin Now
---Advertisement---

संबंधित पोस्ट

Social Samvad Creator
Exit mobile version