सोशल संवाद / जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल की इमरजेंसी में कुर्सी पर लिटाकर इलाज करने को लेकर शुक्रवार रात जमकर हंगामा हुआ। गायनी विभाग में भी कमरे से बाहर इलाज को लेकर हंगामा हुआ। – बाद में अधीक्षक के आश्वासन पर मामला शांत हुआ।
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शुक्रवार रात जदयू युवा मोर्चा के अध्यक्ष नीरज सिंह एमजीएम अस्पताल के गायनी विभाग में एक मरीज को देखने गए। वहां मरीज को ने बाहर रखा गया था और ठीक से इलाज नहीं करने का अरोप लगाते हुए नीरज ने विरोध जताया। इमरजेंसी में शंकोसाई में रहने वाले अनिल कुमार के परिजन का इलाज इमरजेंसी में कुर्सी पर लिटाकर किया जा रहा था।
वह अकेली नहीं थी, बल्कि वहां अन्य लोगों का भी इलाज कुर्सी पर ही हो रहा था। इसपर उन्होंने वहां ड्यूटी में बैठे जूनियर डॉक्टरों से बात की। इसपर उन्होंने अधीक्षक से बात करने को कहा। इसके बाद होमगार्ड के जवान जदयू नेता से बात करने लगे। इसपर जदयू नेता भड़क गए। इमरजेंसी में जब मामला बढ़ने लगा तो उन्होंने अधीक्षक डॉ. बलराम झा को फोन कर बुलाया।
कुछ देर में अधीक्षक वहां पहुंचे और कहा कि भीड़ होने से इमरजेंसी में बेड नहीं है। इसलिए कुर्सी पर लिटाकर इलाज किया जा रहा है। बेड खाली होते ही बेड दे दिया जाएगा। इसपर नीरज सिंह भड़क गए कहा कि जगह नहीं है तो बाहर बोर्ड लगा दीजिए कि मरीज भर्ती नहीं लेंगे। करीब एक घंटे तक यह मामला चला। अधीक्षक के आश्वासन पर कि मरीज का ठीक से इलाज किया जाएगा और जल्द ही बेड दिया जाएगा।










