सोशल संवाद/डेस्क : रांची नगर निगम क्षेत्र में काम कर रहे पारा शिक्षकों यानी सहायक अध्यापकों के लिए राहत की खबर है। पिछले तीन साल से लंबित 4 फीसदी सालाना मानदेय बढ़ोतरी को अब मंजूरी मिल गई है। इससे शहरी क्षेत्र के 200 से अधिक पारा शिक्षकों को फायदा मिलेगा।
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शनिवार को रांची नगर निगम सभागार में मेयर रोशनी खलखो की अध्यक्षता में बैठक हुई। बैठक में शहरी क्षेत्र के सहायक अध्यापकों को नियम के अनुसार हर साल 4 फीसदी मानदेय बढ़ोतरी देने पर सहमति बनी। साथ ही पिछले तीन साल की लंबित बढ़ोतरी को भी मंजूरी दी गई।
इसका मतलब है कि पात्र शिक्षकों को पिछले तीन वर्षों की बढ़ोतरी का बकाया एरियर भी मिलने का रास्ता साफ हो गया है। हालांकि, इसका लाभ उन्हीं शिक्षकों को मिलेगा जिनका जरूरी शैक्षणिक और प्रशैक्षणिक प्रमाण-पत्र सत्यापन पूरा हो चुका है और जिनकी सेवा संतोषजनक पाई गई है।
क्यों अटका था मानदेय बढ़ोतरी का मामला?
दरअसल, शहरी क्षेत्र के पारा शिक्षकों की सेवा सत्यापन की प्रक्रिया नगर निकाय चुनाव नहीं होने के कारण लंबे समय से अटकी हुई थी। इसी वजह से उन्हें 4 फीसदी वार्षिक मानदेय वृद्धि का लाभ नहीं मिल पा रहा था।
अब नगर निगम की ओर से सेवा सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पिछले तीन वर्षों की लंबित मानदेय वृद्धि का एरियर मिलने का रास्ता साफ हुआ है।
मेयर रोशनी खलखो ने कहा कि सहायक अध्यापक शिक्षा व्यवस्था का अहम हिस्सा हैं। उनके नियमसंगत अधिकारों का समय पर निपटारा किया जाना जरूरी है। नगर निगम की ओर से पात्र शिक्षकों को जल्द लाभ दिलाने के लिए जरूरी प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।









