सोशल संवाद / जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल में गंभीर मरीजों के लिए सुविधा बढ़ा दी गई है। अब अस्पताल में कुल 20 बेड पर आईसीयू की सुविधा है। पहले यहां सिर्फ 10 बेड का आईसीयू वार्ड था। नया वार्ड शुरू होने से गंभीर मरीजों को हायर सेंटर रेफर करने की जरूरत कम पड़ेगी।
यह भी पढे : एमजीएम कॉलेज : रैगिंग के दोषियों को नोटिस अभिभावकों को दी सूचना
अस्पताल शुरू होने के कई महीने बाद 10 बेड का आईसीयू शुरू किया गया था। सीमित बेड होने से गंभीर मरीजों की संख्या बढ़ने पर रेफर करना पड़ता था। अस्पताल में आईसीयू के लिए बनाया गया वार्ड खाली पड़ा था। पिछले दिनों इसमें नए बेड लगाकर आईसीयू शुरू कर दिया गया। इसमें हर बेड पर मॉनिटर लगा है। इससे मरीज का बीपी, ऑक्सीजन लेवल, पल्स रेट और ईसीजी मॉनिटर किया जा सकता है। हालांकि, आईसीयू में कई सुविधाएं बढ़ाने की जरूरत है।
रोज पांच-छह होते थे रेफर
आईसीयू बेड उपलब्ध नहीं होने से पहले रोज पांच से छह गंभीर मरीजों को रिम्स या दूसरे हायर सेंटर रेफर करना पड़ता था। 20 बेड की सुविधा शुरू होने के बाद रेफर वाले मरीजों की संख्या में कमी आई है। अपेक्षाकृत मरीजों को एमजीएम में ही इलाज किया जा रहा है। इससे लोगों को राहत मिल रही है।
आयुष्मान से इलाज में राहत
आईसीयू में भर्ती मरीजों को आयुष्मान आईसीयू बेड बढ़ने से लोगों को योजना के तहत पैकेज का लाभ मिलता है। इससे इलाज के दौरान जरूरी दवाएं और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलती है। एमजीएम अस्पताल में आने वाले गरीब मरीजों के लिए राहत मिलेगी।











